चतरा में FCI के गोदाम से 1400 सौ टन अनाज गायब है. इन अनाजों में चावल, गेहूं और चना शामिल है. गायब अनाजों की कीमत तीन करोड़ 20 लाख रुपए से अधिक बताई जा रही है. करोड़ो रूपये के अनाज की इतनी मात्रा के हेराफेरी हो गई. जब जनवरी महीने का अनाज PDS दुकानों में नहीं पहुंचा तो मामला सामने आया. खबर आग की तरह फ़ैल गई. इसके बाद तो आपूर्ति विभाग में हड़कंप मच गया. जिला प्रशासन संबंधित अधिकारी को शोकॉज करने की तैयारी में है. कोविड -19 के ससमय में गरीबों के अनाज पर सरकारी अधिकारी द्वारा डाका वाली बात हो गई. 1400 टन अनाज गायब होने से लोग हैरान है.
सदर प्रखंड में पीडीएस दुकानों की संख्या 160 है. इन दुकानों के पास पिछले जनवरी महीने का प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना का अनाज नहीं पहुंचा. इस मद में हर महीने करीब 690 टन अनाज आवंटित होता है. जब डीलरों को यह अनाज नहीं मिला तो वे गोदाम पहुंचे और इसकी जानकारी संबंधित अधिकारी को दिए तब यह खबर आग की तरह फैली और जिला आपूर्ति विभाग में हड़कंप मचा हुआ है.
उपायुक्त अंजली यादव ने मामले के जांच के आदेश दिए थे. जानकारी के अनुसार गोदाम में प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना (पीएमजीकेवाई) मद के अलावा राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (एनएफएसए), प्रवासी मजदूर कल्याण योजना व ग्रीन कार्ड मद का करीब 1400 टन अनाज स्टोर था. जांच से साफ हो गया है कि गोदाम में रखे अनाज गायब हैं और उसे बेच दिया गया है. इस पूरे मामले में कई अधिकारियों और कर्मचारियों के संलिप्तता की बात सामने आ रही है.

