झारखण्ड में अब सिक्योरिटी होलोग्राम वाले देशी और विदेशी शराब मिलेंगे. इससे शराब के अवैध पर अंकुश लग सकेगा. इससे शराब की एक-एक बोतल की ट्रैकिंग हो पाएगी. सिक्योरिटी होलोग्राम शराब की बोतल पर अगर कहीं किसी ढाबे, होटल या किसी भी अन्य जगह से शराब की बरामदगी होती है तो होलोग्राम के जरिए यह जाना जा सकेगा कि उस बोतल या केन का उत्पादन कहां से हुआ, वितरण किसके द्वारा की जानी थी व बिक्री किसे की गई थी. होलोग्राम लगाने का काम एक निजी कंपनी को दिया गया है. राज्य सरकार के उत्पाद एवं मद्य निषेध विभाग के मुताबिक, दुकानों तक पहुंचने वाली शराब और बीयर अवैध तरीके से ढाबों-होटलों में न बेची जा सके, इसके लिए उत्पाद, वितरण, बिक्री तक की निगरानी की व्यवस्था की गई है.
बता दें कि झारखण्ड के पड़ोसी राज्य बिहार में अवैध शराब की सप्लाई हो रही है. कई बार के छापामारी में इसका खुलासा हुआ है. उत्पाद विभाग ने दावा किया है कि अवैध शराब की तस्करी रोकने के लिए त्वरित कार्रवाई की जाती है. इस संबंध में हजारीबाग में ही अबतक 208 अभियोग दर्ज किए गए हैं. वहीं, पांच लोगों को जेल भेजा गया है जबकि 203 लोग अबतक फरार हैं. बिहार में झारखंड की शराब नहीं पहुंचे इसके लिए कठोर कदम उठाए जाएंगे.

