राँची.आज दिनांक 16/01/2022 को अखिल झारखंड छात्र संघ (आजसू) के प्रदेश सचिव ओम वर्मा ने प्रेस विज्ञप्ति जारी करते हुवे कहा झारखण्ड प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (जेयूटी) में निवर्तमान कुलपति प्रोo प्रदीप कुमार मिश्र के स्थान पर प्रोo विजय पाण्डेय को अतिरिक्त अन्तःकालीन व्यवस्था के तहत प्रभारी कुलपति के रूप में पदस्थापित करना विश्वविद्यालय के स्थापित नियमों के खिलाफ ही नहीं, झारखण्ड के तकनीकी शिक्षा के साथ खिलवाड़ है. ज्ञात हो कि प्रोo विजय पाण्डेय बीoआईoटीo में सिंदरी वर्ष 2018 से यांत्रिकी अभियंत्रण विभाग में प्रोफेसर के रूप में कार्यरत है तथा प्रोo प्रदीप कुमार मिश्र के विशेष आग्रह पर पिछले तीन महीनों से निदेशक, पाठ्यक्रम विकास के रूप में प्रतिनियुक्त हैं. बीoआईoटीo सिंदरी के पूर्व प्रोo पाण्डेय बीoआईoटीo मेसरा में एसोसिएट प्रोफेसर थे. अतः प्रोफेसर के रूप में इनका अनुभव मात्र तीन वर्षों का है तथा पूर्व में कोई भी प्रशासनिक अनुभव नहीं है. कुलपति पद के लिए कम से कम दस वर्षों का अनुभव चाहिए. साथ ही यह गौर करने वाली बात है कि प्रोo पाण्डेय राज्य सरकार के द्वारा निदेशक, पाठ्यक्रम विकास के रूप में प्रतिनियुक्त किये गए हैं, परन्तु राज्य सरकार के बिना अनुमोदन के कुलसचिव प्रभारी तथा कुलपति प्रभारी बन बैठे हैं. एक ही व्यक्ति जेयूटी के तीन-तीन महत्त्वपूर्ण पदों को संभाल रहा है.
इतना ही नहीं, प्रोo विजय पाण्डेय पिछले तीन महीनों से राज्य सरकार के संसाधनों का दुरुपयोग कर रहे हैं. पिछले 3 महीनों से, बिना किसी अनुमति के राज्य सरकार के दो क्वार्टरों पर कब्जा किये हुए हैं- बीoआईoटीo सिंदरी में क्वार्टर नंबर o-45 तथा जेयूटी में निदेशक, पाठ्यक्रम विकास का बंगला. पिछले दो दिनों से प्रोo पाण्डेय कुलपति निवास पर कब्ज़ा जमाये हुए हैं. इतना ही नहीं उन्होंने विश्वविद्यालय को बिजली और पानी का एक पैसा भी नहीं दिया है. साथ ही वह यूनिवर्सिटी की कमर्शियल एलपीजी गैस का इस्तेमाल कर रहे हैं.
अतः राज्यपाल महोदय एवं राज्य सरकार से अनुरोध है कि कुलपति की स्थाई नियुक्ति जल्द से जल्द किया जाय ताकि वहां पर पढ़ रहे छात्रों का भविष्य उज्ज्वल हो सके .

