जमशेदपुर.झारखण्ड के सराईकेला जिला निवासी अमित मोदक जो मार्शल आर्ट में विश्व रिकॉर्ड बनाकर अपनी अलग पहचान बनायी है .उनके संघर्ष से भरे जीवन के बावजूद उन्होंने मार्शल आर्ट के जरिये फिल्म जगत तक अपना सफर तय किया ऐसे हुनरवान खिलाडी को विश्व के प्रसिद्ध रेसलर द ग्रेट खली ने अवार्ड देकर सम्मानित किया. नेशनल डायमंड अवार्ड के तहत यह अवार्ड हरियाणा के करनाल में ग्रेट खली के हाथों अमित को सम्मान मिला जो झारखण्ड के लिए बहुत गर्व की बात है कि ऐसे छोटे शहरो से निकलकर एक खिलाडी बिना गुरु के इतनी सफलता प्राप्त की है.
जाने अमित के बारे में
अमित मोदक सराईकेला जिला के वाणी विद्या मंदिर रोड स्थित गम्हरिया, आदर्शनगर निवासी अशोक मोदक का पुत्र है.अमित मोदक ने एक सेकेंड में 10 पंच मार कर विश्व कीर्तिमान बना चुके है.इससे पहले यह कीर्तिमान मार्शल आर्ट्स के बादशाह कहे जाने वाले ब्रूस ली के नाम था, उन्होंने एक सेकेंड में 9 पंच ही मारा था. इस उपलब्धि को वर्ल्ड रिकॉर्ड को संयोजित करने वाली संस्था, हाई रेंज बुक ऑफ वल्र्ड रिकॉर्ड ने अपने नवीनतम संस्करण में शामिल किया है.
अमित मोदक ने मार्शल आर्ट में विश्व रिकॉर्ड बनाकर विश्व के पहले मार्शल आर्ट खिलाड़ी बने जो सबसे तेज पंच मार सकते हैं.यह रिकॉर्ड अब तक किसी भी भारतीय खिलाड़ी के नाम नहीं था. जितनी भी रिकॉर्ड थे सभी विदेशी खिलाडिय़ों के नाम थे.इससे पहले हाई रेंज बुक ऑफ वर्ल्ड रेकॉर्ड में भारत के स्टार खिलाड़ी विराट कोहली, सानिया मिर्जा जैसी नामचीन हस्तियों का नाम दर्ज है.


