छत्तीसगढ़ के बीजापुर में हुए नक्सली हमले में शहीद हुए सीआरपीएफ के असिस्टेंट कमांडेंट शांति भूषण तिर्की राज्यपाल रमेश बैस और मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने नम आँखों से श्रद्धांजली दी. इस मौके पर सीएम हेमंत सोरेन काफी भावूक दिखे। उन्होंने साहिद के परिजनों को ढांढस बंधाया. मुख्यमंत्री हेमंत सोरेने ने कहा कि इस शहादत पर हमें गर्व है। इससे सुरक्षा बलों के साहस कम नही हुआ बल्कि और बढ़ गया है। उन्होनें कहा कि सरकार सदैव शहीद के परिवार के साथ खड़ी रहेगी।
मुख्य सचिव सुखदेव सिंह, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव राजीव अरुण एक्का, एडीजी अभियान संजय आनंद लाटकर, सीआरपीएफ के झारखंड सेक्टर के आईजी राजीव कुमार समेत अन्य वरीय पदाधिकारी तथा शहीद की धर्मपत्नी पुष्पा मंजुला तिर्की एवं पिता स्टीफन तिर्की और अन्य परिजनों ने पार्थिव शरीर पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि दी।
रविवार को असिस्टेंट कमांडेंट का पार्थिव शरीर रांची एयरपोर्ट पर पहुंचा. एयरपोर्ट पर सीआरपीएफ के अधिकारियों द्वारा श्रद्धांजलि देने के बाद उन्हे सीआरपीएफ 133 बटालियन ले जाया गया। शहीद की याद में श्रद्धांजलि सभा का आयोजन किया गया था. बटालियन में उन्हें विधिवत श्रद्धांजलि दी गयी।
शहीद शशिभूषण के पार्थिव शरीर पर पुष्पांजली के बाद राज्यपाल रमेश बैस ने कहा कि सीआरपीएफ के असिस्टेंट कमांडेंट एसबी तिर्की की शहादत कभी व्यर्थ नहीं जाएगी। उग्रवादी जिस तरह कायराना हरकत कर रहे हैं, उसका उन्हें मुंहतोड़ जवाब दिया जाएगा। अपने कर्तव्यों के निर्वहन के दौरान कभी-कभी जवान शहीद हो जाते हैं । आगे ऐसी घटना नहीं हो, इसके लिए सभी ठोस कदम उठाए जाएंगे ।
मुख्यमंत्री ने कहा हमने एक बार फिर अपने परिवार के एक सदस्य को खोया है, लेकिन इससे जवानों के मनोबल में कोई कमी नहीं आएगी। हमारे जवान और मजबूती तथा शक्ति के साथ ऐसे तत्वों को मुंहतोड़ जवाब देंगे। उनकी पूरी संवेदना शहीद के परिजनों के साथ है। उनकी मदद के लिए सरकार हमेशा उनके साथ खड़ी है।

