ब्रिटेन में इन दिनों मंकी पॉक्स तेजी से पैर फैला रहा है. यूके हेल्थ सिक्योरिटी एजेंसी के मुताबिक अब तक सात लोगों में यह संक्रमण पाया गया है. अमेरिका में भी मंकी पॉक्स का एक मामला सामने आया है. मैसाचुसेट्स डिपार्टमेंट ऑफ पब्लिक हेल्थ ने बुधवार को कनाडा की हालिया यात्रा के साथ एक वयस्क पुरुष में मंकीपॉक्स वायरस के संक्रमण के एक मामले की पुष्टि की. मंकी पॉक्स चिकन पॉक्स, स्माल पॉक्स यानी के चेचक वायरस जैसा ही है. कह लीजिये की पॉक्स वायरस का सबसे भयानक रूप है. इस वायरस को सबसे पहले साल 1970 में एक बंदर के शरीर में पाया गया था, जिसके बाद यह बंदरों से इंसानों में फ़ैल गया. जो मंकी पॉक्स से संक्रमित है तो उसे भी मंकी पॉक्स का संक्रमण अपनी चपेट में ले लेता है. इतना ही नहीं बंदर, गिलहरी, कुत्ते, बिल्ली जैसे जानवरों में भी यह संक्रमण होता है, लेकिन उनके लिए यह वायरस नया नहीं है. कोई भी इंसान किसी संक्रमित जानवर के संपर्क में भी आए तो उसे मंकिपॉक्स हो जाएगा.
लक्षण-
तेज बुखार आना
तेज सिरदर्द
शरीर में सूजन होना
त्वचा पर लाल चकत्ते और फफोले पड़ना
एनर्जी में कमी होना
समय के साथ लाल चकत्ते घाव के रूप में बदलना
बीमारी को 2 से 3 सप्ताह तक रहना
दानों में असहनीय दर्द का होना, जोड़ों में सूजन

