रांची विश्वविद्यालय का 35 वां दीक्षांत समारोह 4 फरवरी को आर्यभट्ट सभागार में हुआ. 79 गोल्ड मेडलिस्ट और 90 पीएचडी धारकों को प्रतिकात्मक तौर पर डिग्री दी गई. जबकि इस बार कुल 24372 डिग्रियां बांटी गई. टॉप टेन विद्यार्थियों को कार्यक्रम के मुख्य अतिथि राज्यपाल रमेश बैस के हाथों सम्मानित किया गया. पीजी सभी स्ट्रीम में ओवरऑल बेस्ट पीजी अनुभव दत्ता को गोल्ड मेडल उपाधि प्रदान की गई है. इन्हें 93.63 प्रतिशत अंक मिले हैं. वहीं, ओवरऑल पीजी प्रोफेशनल कोर्स के टॉपर धीरज गुप्ता हैं. इन्हें पीजी परीक्षा में 89.92 प्रतिशत अंक मिले हैं.
दीक्षांत समारोह में राज्यपाल रमेश वैश्य ने तमाम डिग्री धारी विद्यार्थियों को बधाई देते हुए उनके उज्जवल भविष्य की कामना की. उन्होंने अपने संबोधन में रांची विश्वविद्यालय की कार्यशैली और विद्यार्थियों के अथक मेहनत की चर्चाएं की उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालय में विभिन्न पाठ्यक्रम एवं योजनाओं से जुड़ी कक्षाएं मिलती है. विद्यार्थियों के अंदर संस्कृति और शिक्षा का ज्ञान का भंडार शिक्षा से ही संपन्न हो पाता है
माननीय राज्यपाल ने कहा कि विश्वविद्यालय में विभिन्न पाठ्यक्रम व योजनाओं से जुड़ी कक्षाएं मिलती है. रांची विश्वविद्यालय में एक ऐसा वातावरण विकसित हो जिससे बाहर के राज्यों से रांची पढ़ने विद्यार्थी पहुंचे. रांची एजुकेशन हब बन चुका है. अब एजुकेशन के साथ रोजगार से जुड़ी कोर्सेज समय की मांग है.
वाइस चांसलर कामिनी कुमार ने कहा कि रांची विश्वविद्यालय बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ की दिशा में बेहतर काम कर रही हैं. यहां पिछले 5 वर्षों से बेटियों ने सबसे अधिक गोल्ड मेडल हासिल किया है. इस बार दीक्षांत समारोह में भी 79 गोल्ड मेडलिस्ट में से 49 गोल्ड मेडलिस्ट महिलाएं हैं और इसके अलावा 30 गोल्ड मेडल पुरुषों को मिला है.
कॉलेज की छात्रा अंजली कुमारी को दिया गया. बेस्ट ओवरऑल ग्रेजुएशन वोकेशनल कोर्स में निर्मला कॉलेज की छात्रा शिफा आफरीन, ओवरऑल बेस्ट ग्रेजुएशन इन आर्ट्स आस्था भारद्वाज, बेस्ट ओवरऑल कॉमर्स में जागृति सिंह, बेस्ट ओवरऑल ग्रेजुएशन इन संगीत में कुमार दास, ग्रेजुएशन बेस्ट टीचर ट्रेनिंग में दीपिका शर्मा, ओवरऑल बेस्ट ग्रेजुएशन इन इंजीनियरिंग में किरण कुमारी, पीजी हिस्ट्री में वसुंधरा में एंथ्रोपोलॉजी में मोनिका बैग, जोग्राफी में प्रिया कुमारी को मिला.
अनुभव दत्ता ने कहा कि मुझे बहुत खुशी हो रही है कि रांची यूनिवर्सिटी का छात्र हूं और मुझे गोल्ड मेडल उपाधि प्रदान की गई है. बीएड डिग्री में गोल्ड मेडल उपाधि प्राप्त दीपिका ने बताया कि बहुत खुशी हुई है आज मेरी मेहनत रंग लाई है. वहीं नागपुरी भाषा में गोल्ड मेडल उपाधि प्राप्त हुआ है भाषा हमारी संस्कृति है.

