उपायुक्त ने अधिकारियों को दिये निदेश, मांगी रिपोर्ट
पलामू.समाज के अंतिम पंक्ति के व्यक्तियों को लाभ देने के लिए सरकार के साथ-साथ पलामू जिला प्रशासन प्रयत्नशील है. पलामू जिला प्रशासन की पहल से जिले में स्ट्रीट चिल्ड्रेन की पहचान की जायेगी और उन्हें विभिन्न सरकारी योजनाओं से लाभान्वित किया जायेगा. योजनाओं का लाभ देकर स्ट्रीट चिल्ड्रेन का उत्थान किया जायेगा. इस संबंध में उपायुक्त शशि रंजन ने अधिकारियों को निदेश दिया है. उन्होंने जिले के जिला शिक्षा पदाधिकारी, जिला शिक्षा अधीक्षक, एसडीपीओ-सह-एसजेपीयू शहरी के प्रभारी, श्रम अधीक्षक, प्रखंड विकास पदाधिकारी, नगर निगम के कायर्पालक पदाधिकारी, रेलवे के स्टेशन मास्टर/अधीक्षक, रेलवे थाना प्रभारी, बाल विकास परियोजना प्रदाधिकारी, तेजस्विनी परियोजना के जिला समन्वयक, एक्शन एड एसोसिएशन के जिला समन्वयक, चाईल्ड लाईन के निदेशक/समन्वयक, चाईल्ड लाईन सविर्स सब सेंटर के निदेशकों को स्ट्रीट चिल्ड्रेन की पहचान करते हुए प्रतिवेदन उपलब्ध कराने की बातें कही है.
उपायुक्त ने स्ट्रीट चिल्ड्रेन की पहचान के बाद चिन्हित बच्चों को जिला स्तर पर राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण आयोग के पोटर्ल बाल स्वराज के एनसीपीसीआर डाॅट जीओभी डाॅट इन/सीआईएसएस में प्रविष्टि करते हुए विभिन्न सरकारी योजनाओं से लाभान्वित किया जाना है. ऐसे में स्ट्रीट चिल्ड्रेन की पहचान किया जाना आवश्यक है.
स्ट्रीट चिल्ड्रेन की श्रेणी में सड़कों पर रहने वाले परित्यक्त बच्चे, सड़कों पर रहने वाले दिव्यांग बच्चे, सड़कों पर रहने वाले अनाथ बच्चे, बालश्रम, कामकाजी बच्चे, बाल भिखारी, कचरा चुनने वाले बच्चे, रेलवे स्टेशन पर रहने वाले बच्चे, जो स्टेशनों के प्लेटफाॅर्म पर इधर-उधर काम करते हैं और रहते हैं. सड़कों/फुटपाथों/ बस-स्टैंड/रेलवे स्टेशनों आदि पर परिवार के साथ जीवन व्यतीत कर काम करने वाले बच्चे, झुग्गियों/झोपड़ियों पर में रहने वाले परिवार, जो सड़कों तथा निर्माण स्थलों पर काम कर रहे तथा उनके साथ रहने वाले बच्चे, पयर्टन, आकषर्ण केन्द्र के क्षेत्र में घुमने तथा रहने वाले ऐसे बच्चे जो परिवार के साथ अथवा अकेले रहे रहे हैं, सहोदर भाई-बहन, जो गलियों/सड़कों पर रह रहे हो और जिन्हें देखभाल एवं संरक्षण की आवश्यकता है. मदक पदाथर् का सेवन करने वाले बच्चे, सड़कों/गलियों में प्रदशर्न करने वाले बच्चे, आॅटोमोबाईल एवं गाड़ियों की सफाई करने वाले बच्चे आदि अन्य तरह से रह रहे बच्चों को शामिल किया जायेगा.
विदित हो कि पलामू के हरेक जरूरतमंद व्यक्तियों को सरकार की विभिन्न योजनाओं से लाभान्वित किये जाने को लेकर स्थानीय प्रशासन निरंतर प्रयास कर रही है. प्रखंड-अनुमंडल में शिविर लगाकर लाभ देने की बात करें या फिर जनता दरबार आयोजित कर. लोगों के सहयोग और उत्थान के लिए स्थानीय प्रशासन हर संभव प्रयास करने में जुटी है.

