स्वर्णरेखा परियोजना में कार्यरत महिला कर्मचारी बीस वर्षीय उषा रानी महतो की किसी ने हत्या कर दी. गला रेतकर हत्या की घटना को अंजाम दिया गया. हत्यारे ने उसके शव को जलाने का भी प्रयास किया गया था. मृतका परियोजना के चांडिल कांप्लेक्स में पदस्थापित थी. एसडीओपी हरविंदर सिंह के अनुसार लड़की की जिससे शादी होनेवाली थी, उसकी सूचना पर पुलिस मौके पर पहुंची. उषा के शरीर से अत्यधिक रक्तश्राव हो चुका था, जिससे उसकी मौत हो गयी. किसने हत्या की है अभी इसपर कुछ कहना जल्दबाजी होगी, लेकिन खुलासा जल्द ही होगा.
जानकारी के अनुसार मृतका के पिता की मौत तीन साल पहले मानगो में सड़क दुर्घटना में हो गयी थी. उनके अनुकंपा पर बहन की नौकरी तीन माह पहले लगी थी और वह आदित्यपुर न्यू स्वर्णरेखा कॉलोनी के सी ब्लॉक के चौथे तल्ले पर क्वार्टर नंबर-39 में अकेली रहती थी. हत्या का शक मृतका के पूर्व प्रेमी राजेश कुमार पर है, जो चाकुलिया के नामोपाड़ा का रहनेवाला है.
घटना के संदर्भ में मृतका की बहन अनीमा कुमारी ने बताया कि गुरुवार शाम जब उसकी बहन ने फोन नहीं उठाया तो शक हुआ. उन्होंने आदित्यपुर के ही युवक जिससे उषा की शादी होने वाली है, उसको फोन कर बहन के घर जाकर स्थिति जानने के लिए कहा. वह युवक कमरे में गया तो बाहर से दरवाजा खुला था और उषा की लहूलुहान लाश पड़ी थी.
शव देखते ही उसने शोर मचाया तो आसपास के लोग यहां एकत्रित हो गए और तत्काल इसकी सूचना पुलिस को दी. पुलिस ने मौके पर पहुंच उस मकान को सील कर दिया, जिसकी फॉरेंसिक जांच करायी जाएगी.

