चतरा: प्रदूषण जांच केंद्र नहीं खोलने वाले पेट्रोल पंप मालिकों के विरूद्ध कार्रवाई की प्रक्रिया शुरू हो गई है. जिला परिवहन पदाधिकारी संतोष कुमार सिन्हा ने बुधवार को जिले के एक दर्जन पंप मालिकों को नोटिस करते हुए निर्देश दिया है कि 22 अक्टूबर से पूर्व प्रदूषण जांच नहीं खोला गया, तो संबंधित पंप मालिकों की अनुज्ञप्ति रद्द कर दी जाएगी. अपर समाहर्ता सह जिला परिवहन पदाधिकारी ने बताया कि उच्चतम न्यायालय और विभागीय निर्देश के आलोक में जिले के सभी पेट्रोल पंपों पर प्रदूषण जांच केंद्र स्थापित होना अनिवार्य है.
उन्होंने बताया कि इस निमित पंप मालिकों को लगातार निर्देश दिया जा रहा है. उसके बाद भी पंप मालिक इसे गंभीरता से नहीं ले रहे हैं. पिछली बैठक में एक अक्टूबर तक निश्चित रूप से प्रदूषण जांच केंद्र की स्थापना करने का आदेश दिया गया था. लेकिन कुछेक को छोड़कर अधिकांश ने केंद्र की स्थापना नहीं की.
जिला परिवहन पदाधिकारी ने बताया कि जिले में कुल 25 पेट्रोल पंप है. जिसमें 13 पंपों में केंद्र की स्थापना हो चुकी है. शेष बार पंपों में केंद्र स्थापित नहीं हुए हैं. उनके खिलाफ कार्रवाई प्रारंभ कर दी गई है. जिसके विरूद्ध नोटिस जारी किया है, उसमें गोपीचंद्र हीरालाल जैन, चतरा सर्विस स्टेशन, लालपडी फ्यूल्स, बचरा सर्विस सेंटर, शिव करण लाल ओटो मोबाइल, मां तारा फ्यूल्स, मां भगवती फ्यूल्स, एसएल पेट्रोल जोन, संध्या देवी फीलिग स्टेशन केंद्र, मां भद्रकाली फ्यूल्स, उमापाटी फ्यूल्स एवं कल्याणपुर सर्विस स्टेशन का नाम शामिल है.

