BnnBharat | bnnbharat.com |
  • समाचार
  • झारखंड
  • बिहार
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • औषधि
  • विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी करेंट अफेयर्स
  • स्वास्थ्य
No Result
View All Result
  • समाचार
  • झारखंड
  • बिहार
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • औषधि
  • विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी करेंट अफेयर्स
  • स्वास्थ्य
No Result
View All Result
BnnBharat | bnnbharat.com |
No Result
View All Result
  • समाचार
  • झारखंड
  • बिहार
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • औषधि
  • विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी करेंट अफेयर्स
  • स्वास्थ्य

5 महीने में ‘चाइल्ड पॉर्नोग्राफी’ के 25,000 मामले, राजधानी दिल्ली पहले नंबर पर

by bnnbharat.com
January 28, 2020
in समाचार
5 महीने में ‘चाइल्ड पॉर्नोग्राफी’ के 25,000 मामले, राजधानी दिल्ली पहले नंबर पर

5 महीने में 'चाइल्ड पॉर्नोग्राफी' के 25,000 मामले, राजधानी दिल्ली पहले नंबर पर

Share on FacebookShare on Twitter

नई दिल्ली: भारत में चाइल्ड प्रोनोग्राफी के हैरान कर देने वाले आंकड़े सामने आये हैं. अमेरिकी एजेंसी नैशनल सेंटर फॉर मिसिंग एंड एक्सप्लॉइटेड द्वारा भारत के राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो को सौंपे गये.

आंकड़े के मुताबिक बीते पांच महीने में भारत के अलग-अलग राज्यों से चाइल्ड प्रोनोग्राफी से जुड़े तकरीबन 25 हजार कंटेट सोशल मीडिया के अलग-अलग प्लेटफॉर्म्स में अपलोड किए गए हैं. चाइल्ड प्रोनोग्राफी को लेकर गंभीर चर्चा के बीच ये आंकड़े वाकई डराने वाले हैं.

दरअसल, पिछले साल अमेरिका और भारत के बीच इस तरह का आंकड़ा शेयर करने को लेकर एक समझौता हुआ था. अमेरिकी एजेंसी ने जो आंकड़ा साझा किया है वो बीते 23 जनवरी तक का है. हैरानी की बात है कि चाइल्ड प्रोनोग्राफी से जुड़ा मैटेरियल सोशल मीडिया पर अपलोड करने के मामले में राजधानी दिल्ली पहले नंबर पर है.

इसके बाद महाराष्ट्र, गुजरात, यूपी और पश्चिम बंगाल का नंबर आता है. इसमें एक अनुमान के मुताबिक महाराष्ट्र में ऐसे करीब 1700 मामले सामने आये हैं. इन राज्यों ने आंकड़ा सामने आने के बाद से गिरफ्तारियों का सिलसिला शुरू कर दिया है.

गृह मंत्रालय के अधिकारियों के मुताबिक केवल इन राज्यों में ही नहीं बल्कि देश भर के अलग-अलग इलाके में दोषियों की पहचान कर गिरफ्तारियां की जा रही हैं. पिछले साल संसद में जब पॉक्सो एक्ट संसोधन विधेयक पास हुआ तब भी महिला एवं बाल विकास मंत्री स्मृति ईरानी ने चिंता जाहिर की थी. आपको बताते हैं कि चाइल्ड प्रोनोग्राफी क्या होती है.

प्रोटेक्शन ऑफ चिल्ड्रेन फ्रॉम सेक्शुअल ऑफेंसेज अमेंडमेंट एक्ट (2019) के मुताबिक फोटो, वीडियो, डिजिटल या कम्प्यूटर से बनायी गयी तस्वीरें जो असली बच्चे जैसी दिखती हो या ऐसी तस्वीर जिसे बनाया गया हो, अडैप्ट किया गया हो या मॉडीफाई किया गया हो जो बच्चे जैसा लगता है. चाइल्ड प्रोनोग्राफी की श्रेणी में आता है.

Share this:

  • Click to share on Facebook (Opens in new window)
  • Click to share on X (Opens in new window)

Like this:

Like Loading...

Related

Previous Post

कोरोना वायरस के कारण चीन में फंसे पाकिस्तानी छात्र, कहा- खाना खत्म होने वाला है, हमें बाहर निकालें

Next Post

CAA और NRC को लेकर भय पैदा कर रही हैं कुछ राजनीतिक पार्टियां: रामदेव

Next Post
CAA और NRC को लेकर भय पैदा कर रही हैं कुछ राजनीतिक पार्टियां: रामदेव

CAA और NRC को लेकर भय पैदा कर रही हैं कुछ राजनीतिक पार्टियां: रामदेव

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

  • Privacy Policy
  • Admin
  • Advertise with Us
  • Contact Us

© 2025 BNNBHARAT

No Result
View All Result
  • समाचार
  • झारखंड
  • बिहार
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • औषधि
  • विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी करेंट अफेयर्स
  • स्वास्थ्य

© 2025 BNNBHARAT

%d