रांची : हाल के दिनों में बेमौसम बारिश और मौसम परिवर्तन के कारण राज्य के किसानों को भारी आर्थिक क्षति उठानी पड़ी है. मगर अब किसानों को खेती से जुड़ी सलाह और उन्नत प्रभेद उपलब्ध कराने के साथ बिरसा कृषि विश्वविद्यालय (बीएयू) मौसम की भी सटीक जानकारी देगा. इससे किसान अपनी खेती मौसम के अनुकूल कर सकते हैं. बीएयू ने सीडैक, कोलकाता के साथ मिलकर झारखंड वेदर पोर्टल एवं एप को विकसित किया है.
इस पोर्टल एवं एप के माध्यम से विश्वविद्यालय द्वारा पंचायत स्तर तक मौसम पुवार्नुमान की जानकारी और 31 फसलों के लिए स्वचालित कृषि सलाह दी जायेगी. पोर्टल पर किसानों को अपना फीड बैक देने की भी सुविधा उपलब्ध कराई गयी है. पोर्टल में राज्य के करीब 4400 पंचायतों को सम्मलित किया गया है. पोर्टल के साथ इसका एक एप भी विकसित किया गया है तो गूगल प्लेस्टोर या विश्वविद्यालय की साइट से डाउनलोड किया जा सकता है.
इस पोर्टल की मदद से किसानों को भविष्य के मौसम की स्थिति के बारे में जागरूक कर कृषि क्षेत्र के नुकसान से बचा जा सकता हैं. आइएमडी के मौसम पूवार्नुमान के आधार पर किसानों को मौसम आधारित सुझाव से आकस्मिक मौसम की स्थिति में उपयोग किया जाना संभव है. किसानों को इस ओर तकनीकी रूप से समृद्ध करने के उद्देश्य से सीडैक, कोलकाता ने बीएयू को डिस्क नामक प्रोजेक्ट दी थी. बीएयू के कृषि विभाग के कृषि प्रसार शिक्षा एवं संचार विभाग ने सीडैक के सहयोग से इस प्रोजेक्ट को पूरा किया है.

