रांची: झामुमो नेता आजम अहमद ने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के द्वारा लिए गए ठोस निर्णय को प्रशासन 3.30 करोड़ जनता तक आई आपदा में अनाज सामग्री अंतिम व्यक्ति तक कैसे पहुंचे इसका उपाय झारखंड के मुख्य सचिव को निर्णय लेना होगा.
आजम अहमद ने कहा कि देश के प्रधानमंत्री के द्वारा लगाए गए एक दिन का जनता कर्फ्यू के बाद तुरंत 21 दिनों का जनता कर्फ्यू से झारखंड के दिहाड़ी मजदूर, किसान, फुटपाथ दुकानदार के अलावे कई तरह के रोजगार करने वाले छोटे व्यापारी जनता कर्फ्यू को मानते हुए सरकार द्वारा घोषणा का सहयोग कर रहे हैं.
उन्होंने कहा कि मेरा दायित्व बनता है कि रोज रोजमर्रा की जिंदगी जीने वाले लोगों तक उनके सुविधाओं के अनुसार खाने पीने की अनाज सामग्री चावल, दाल, आटा, फल, दूध सभी चीजों मुहैया कराएं ताकि देश में आए कोरोना वायरस से बचने के उपाय सार्थक हो अन्यथा मजबूर व्यक्ति सड़क पर उतरने को बाध्य हो रहे हैं.
आजम अहमद ने कहा कि जनता कर्फ्यू के 9 दिन गुजर गए. झारखंड के कई जिले और ग्रामीण सलम क्षेत्र तक अनाज सामग्री नहीं पहुंचने से जनता की समस्याओं से जूझ रहे हैं. उनके निदान के लिए प्रशासन अनाज सामग्री जनता तक मुहैया कराएं, ताकि जनता राहत महसूस कर सके.

