रांची: मांडर विधायक बंधु तिर्की ने कृषि मंत्री बादल पत्रलेख को बाजार-हाटो में बिचौलियों के हावी होने से किसानों को हो रहे नुकसान के संबंध में पत्र लिखकर ध्यान आकृष्ट कराया है. तिर्की ने अपने लिखे पत्र में कहा है कि रांची जिला अंतर्गत बेड़ो, मांडर, लापुंग, इटकी, चान्हो, नगड़ी, सतरंजी, नामकुम, कांके सब्जी एवं किसानी उपज का प्रमुख बाजार केंद्र है.
इन कृषि उपज मंडीयों पर बिचौलिया हावी हैं, जिससे किसानों की उपज के मूल्यों का दोहन हो रहा है. किसानों द्वारा उपजाई फसलों पर पूरा दखल इन बिचौलियों का है. बिचौलियों के हावी होने से किसानों की उत्पादित फसलों का सही लाभ नहीं मिल पा रहा है. कृषि उपज बाजार मंडियों में पूर्व से ही सरकार की सारी योजनाएं धाराशाही हैं.
उन्होंने कहा कि बाजार में आज भी किसान बिचौलियों के हाथ कठपुतली बने हुए हैं. किसानों द्वारा उपजाई फसलों की मनमानी कीमत बिचौलियों द्वारा तय की जाती है, जिससे किसानों को सामान्य मूल नहीं मिल पाता है. मैंने क्षेत्र भ्रमण के क्रम में बाजार व्यवस्था की लचर स्थिति को दृष्टिगत किया तो बातें सामने आया की दलाल किसानों से फसल खरीद कर बाजार में लाकर समर्थन मूल्य पर अनाज बेच रहा है, जिस कारण सरकारी रेट का लाभ सीधा बिचौलियों के हाथ लग रहा है. पिछले कई वर्षों से खेती करने की लागत जिस तीव्र गति से बड़ी है, लेकिन सरकार उस अनुपात में फसलों को उगाने में आने वाली लागत को कम नहीं कर पाती.
उन्होंने कहा कि जिससे किसान बीच में पीस रहा है और प्रदेश एवं देश की जनता को सस्ते में भोजन कराने की सारी जिम्मेवारी किसान के कंधों पर डाल दी जाती है. इसका परिणाम किसानों पर कभी न खत्म होने वाली कर्ज के रूप में देखा जा सकता है, परंतु वर्तमान सरकार के द्वारा लिए गए निर्णय कृषि ऋण माफी योजना से कृषकों को बहुत अधिक राहत मिलने की संभावना है.
अंत में तिर्की ने मंत्री से आग्रह किया है बिचौलियों के अधिपत्य को समाप्त करते हुए बाजार-हाटों को किसानों के हितकारी व्यवस्था को सुदृढ़ किया जाये.

