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अपराधियों की अविलंब गिरफ्तारी की मांग
रांचीः लातेहार के बरवाडीह में भाजपा के वरिष्ठ कार्यकर्ता एवं चतरा सांसद सुनील सिंह के प्रतिनिधि जयवर्धन सिंह की हत्या के मामले को लेकर प्रदेश बीजेपी का प्रतिनिधिमंडल सोमवार को डीजीपी एमवी राव से मिला.
प्रतिनिधिमंडल में शामिल सदस्यों ने डीजीपी को बताया कि जयवर्धन सिंह की जिस तरीके से बेखौफ अपराधियों ने नृशंस हत्या की, उससे राज्य की वर्तमान कानून व्यवस्था की भयावह स्थिति का चित्रण होता है.
जिस स्थान पर उनकी हत्या हुई, उस स्थान से DSP आवास एवं बरवाडीह थाना कुछ ही मीटर की दूरी पर अवस्थित है, ऐसे भीड़-भाड़ वाले, प्रमुख इलाके में अपराधियों का आराम से टहलते हुए आना एवं हत्या की घटना को अंजाम दे कर टहलते हुए फरार हो जाने से यह स्पष्ट होता है कि, राज्य में पुलिस प्रशासन का भय अपराधियों में समाप्त हो चुका है.
जयवर्धन सिंह की पहले भी हत्या की कोशिश हो चुकी थी. विधानसभा चुनाव के समय उन्होंने अपनी लाइसेंसी रायफल बरवाडीह थाने में जमा कर दी थी, जिसे चुनाव सम्पन्न होने पर वापस मांगा गया लेकिन थाने से उनका रायफल वापस नहीं किया गया.
घटना के तीन दिन पहले भी उन्होंने अपनी हत्या होने की आशंका से बरवाडीह थाने को अवगत कराते हुए सुरक्षा प्रदान करने की मांग की थी, परंतु पुलिस ने उनकी चिंता नही की, न तो उनकी राइफल लौटाई न ही उन्हें सुरक्षा प्रदान की.
बरवाडीह पुलिस की है लापरवाही
बरवाडीह पुलिस की इस घोर लापरवाही एवं कर्तव्यहीनता से एक अत्यंत प्रतिष्ठित नागरिक एवं भाजपा के वरिष्ठ नेता की हत्या हो गई, एक परिवार अनाथ हो गया.
भारतीय जनता पार्टी मांग करती है कि घटना में शामिल अपराधियों की तत्काल गिरफ्तारी हो एवं बरवाडीह पुलिस की इस अक्षम्य लापरवाही के लिए दोषी अफसरों पर कड़ी दंडनात्मक कार्रवाई की जाये.
पिछले छह महीनों में राज्य में जिस प्रकार से पुनः अपराधी एवं नक्सली-उग्रवादी सक्रिय हो रहे है, राज्य की जनता व्यवसायी एवं विशेष कर भाजपा कार्यकर्ताओं के प्रति राज्य भर में आपराधिक घटनाओं को अंजाम दिया जा रहा है वह अत्यंत चिंतनीय है.
आंदोलन को बाध्य होगी बीजेपी
भाजपा राज्य की कानून व्यवस्था में तत्काल सुधार हेतु कड़े कदम उठाने एवं राज्य की जनता के सुरक्षा सुनिश्चित हो ऐसे वातावरण के निर्माण की मांग करती है, अन्यथा भाजपा राज्य की जनता के हित में आंदोलन करने को बाध्य होगी.
पार्टी आग्रह करती है कि घटना में शामिल अपराधियों की तत्काल गिरफ्तारी हो एवं बरवाडीह पुलिस की अक्षम्य लापरवाही पर दोषी अफसरों के विरूद्ध कड़ी दंडात्मक कर्रवाई की जाए. प्रतिनिधिमंडल में प्रदीप वर्मा, विरंची नारायण, नवीन जायसवाल व प्रतुल शाहदेव शामिल थे.

