रांची: राज्य के शिक्षा मंत्री जगरनाथ महतो ने भाजपा के साथ- साथ बाबूलाल मरांडी पर जुबानी हमला बोला है. उन्होंने कहा कि बाबूलाल मरांडी बड़े नेता है उन्हें सपना देखने का अधिकार है. लेकिन उनके मंसूबे कभी कामयाब नहीं होंगे.
राज्य में महागठबंधन एकजुट है जिसे तोड़ने का प्रयास भाजपा कर भी नहीं सकती. राजस्थान और गुजरात के पानी से भी झारखंड में भाजपा अपनी दाल नहीं गला पाएगी.
वहीं स्थानीय नीति पर शिक्षा मंत्री ने कहा कि राज्य गठन से पहले भी 1932 के खतियान पर स्थानीयता प्रमाण पत्र मिलता रहा है तो राज्य गठन के बाद इस नियम में बदलाव कैसे हो सकता है. वे 1932 के खतियान को ही स्थानीयता का आधार मानते है और हेमंत सरकार ने कैबिनेट की पहली बैठक में ही इसे लेकर त्रि-स्तरीय कमिटी गठित कर दी है.
साथ ही शिक्षा मंत्री ने कहा कि यदि बाबूलाल मरांडी 1985 के तहत स्थानीयता देने की बात कहते है तो उन्हें इन बातों को साफ तौर पर जनता के बीच रखना चाहिए.
जगरनाथ ने यह भी कहा कि बाबूलाल अपने बयान से बदलने वाले नेता है. वे वर्षों से यही कहते रहे है कि कुतुब मीनार से कूद जाऊंगा लेकिन भाजपा में नहीं जाऊंगा अब क्या हो गया.
इसके अलावा ऑनलाइन शिक्षा पर मंत्री ने कहा कि ऑनलाइन पढ़ाई का लाभ सभी बच्ची को नहीं मिल पा रहा इस तरह की पढ़ाई से वे संतुष्ट नहीं है. ऐसे में बेहतर पढ़ाई कैसे हो इसकी समीक्षा की जा रही है. वैसे कोविड-19 को देखते हुए केंद्र व राज्य सरकार के निर्देश का पालन किया जाएगा.

