चतरा/कुंदा: पिछले 48 घंटे से हो रही रुक-रुक कर बारिश के साथ हुई बज्रपात से पोटमदोहर गांव के जवाहर यादव के बैल की मौत गुरुवार देर शाम को हो गया.
इस वर्ष वज्रपात की यह दूसरी घटना है. पहली घटना सिकीदाग पंचायत के बुटकुइया गांव में 16 जून को हुई वज्रपात से चार पशुओं की मौत हो गयी थी. पशुओं की मौत के बाद उक्त परिवार को आर्थिक स्थिति खराब हो गयी हैं.
उन्होंने बताया कि खेती बारी के समय में पशुओं को मरना आर्थिक रूप से कमजोर कर दिया हैं. आपदा राहत के तहत मिलने वाली मदद भी जानकारी के आभाव में नहीं मिल पा रहा हैं.

