दिल्ली: देश में जारी कोरोना वायरस संकट के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्यमंत्रियों के साथ वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए बात कर रहे हैं.
बैठक में कोरोना संकट और लॉकडाउन को लेकर चर्चा की जाएगी और मुख्यमंत्रियों से सुझाव मांगे जा रहे हैं. इससे पहले प्रधानमंत्री ने 27 अप्रैल को सभी मुख्यमंत्रियों के साथ वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए बातचीत की थी.
बैठक रात आठ बजे तक चलेगी, जिसमें सभी मुख्यमंत्रियों को बात रखने का मौका मिलेगा. लॉकडाउन का तीसरा चरण 17 मई को खत्म हो रहा है. केंद्र सरकार अब इकोनॉमी को गति देने के लिए राज्यों में कामकाज शुरू करने पर विचार कर रही है.
राज्यों के सीएम के साथ इसपर भी चर्चा होगी. बैठक के शुरू होने के साथ ही सबसे पहले गृह मंत्री अमित शाह ने संबोधित किया इससे बाद पीएम मोदी ने संबोधित किया.
इस दौरान प्रधानमंत्री मोदी ने लॉकडाउन और अर्थव्यवस्था से जुड़ी कई चीजों पर मुख्यमंत्रियों के साथ विचार विमर्श कर उनकी राय जानी. राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने जहां एक तरफ अंतरराज्यीय सप्लाई चेन को सुचारू रुप से बहाल करने की मांग की, तो वहीं गुजरात के मुख्यमंत्री का यह मानना था कि सिर्फ कंटेनमेंट जोन तक ही लॉकडाउन लागू रहना चाहिए. हालांकि, मंगलवार से करीब 50 दिन बाद शुरू होने जा रही रेल सेवा का तेलंगाना का मुख्यमंत्री ने विरोध किया.
आर्थिक गतिविधियां रफ्तार पकड़ रही हैंः पीएम
अपनी शुरुआती टिप्पणी में पीएम मोदी ने प्रवासी मजदूरों के बारे में बोला. उन्होंने कहा कि क घर जाने की उनकी जरूरत को समझते हैं. हमारे लिए यह चुनौती है कि कोविड -19 को गांवों तक नहीं फैलने दें. मुख्यमंत्रियों के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की 5वीं वीडियो कांफ्रेंस बैठक में गृह मंत्री अमित शाह, रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण भी मौजूद हैं.
पीएम ने मुख्यमंत्रियों से कहा कि भारत इस संकट से अपने आप को बचाने में बहुत हद तक सफल हुआ है. राज्यों ने अपनी जिम्मेदारी निभाई, दो गज की दूरी ढीली हुई तो संकट बढ़ेगा. हम लॉकडाउन कैसे लागू कर रहे हैं. यह बड़ा विषय रहा, हम सबकी भूमिका महत्वपूर्ण रही है.
प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि धीरे-धीरे ही सही, लेकिन निश्चित रूप से देशभर को कई हिस्सों में आर्थिक गतिविधियां रफ्तार पकड़ रही हैं. आने वाले दिनों में इसमें तेजी आएगी.
कई राज्यों के मुख्यमंत्रियों ने की लॉकडाउन बढ़ाने की मांग
महाराष्ट्र, तेलंगाना, पंजाब और बंगाल के सीएम ने पीएम मोदी से लॉकडाउन बढ़ाने की मांग की है. महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे ने भी लॉकडाउन बढ़ाने की मांग की है. तेलंगाना के सीएम ने लॉकडाउन बढ़ाने की मांग करते हुए कहा कि पैसेंजर ट्रेन चलाने से कोरोना संक्रमण का खतरा है. बिहार के सीएम नीतीश कुमार ने भी लॉकडाउन बढ़ाने की मांग की है.
लॉकडाउन बढ़ाने के पक्ष में बिहार के सीएम नीतीश कुमार
बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने पीएम मोदी के साथ बैठक में कहा कि बिहार सरकार लॉकडाउन बढ़ाने के पक्ष में है. उन्होंने कहा कि बिहार सरकार का मानना है कि लॉकडाउन हटने के बाद बड़ी संख्या में राज्य में आने वाले लोगों से कोराना संकट और गहरा सकता है. अरविंद केजरीवाल ने कहा- आर्थिक गतिविधियों को शुरू करने की मिले अनुमति
दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल पीएम मोदी के साथ बैठक के दौरान कहा कि दिल्ली के सभी हिस्सों में फिर से आर्थिक गतिविधियों को शुरू करने की अनुमति दी जानी चाहिए.
छत्तीसगढ़ के सीएम भूपेश बघेल ने कहा- राज्यों को मिले जरूरी अधिकार
पीएम मोदी के साथ वीडियो कांफ्रेंस के दौरान छत्तीसगढ़ के सीएम भूपेश बघेल ने कहा कि राज्य सरकारों को अपने राज्यों के भीतर आर्थिक गतिविधियों से निपटने के बारे में निर्णय लेने का अधिकार मिलना चाहिए. उन्हें रेड, ग्रीन और ऑरेंज जो घोषित करने का अधिकार मिले.
साथ उन्होंने कहा कि राज्य सरकारों से सलाह के बाद ही नियमित ट्रेन, हवाई यात्रा और अंतर-राज्य बस सेवाओं को फिर से शुरू करना चाहिए. महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी अधिनियम (मनरेगा) के तहत मजदूरों को 200 दिनों का वेतन दिया जाना चाहिए.
लॉकडाउन रहे लागू, लेकिन मिले कुछ छूटः उद्धव ठाकरे
महाराष्ट्र के सीएम उद्धव ठाकरे पीएम मोदी से कहा कि हमें किसानों के हालात पर काबू पाने के लिए कर्ज की जरूरत है. प्रवासी श्रमिक हमारे राज्य को छोड़ रहे हैं, इस बात की सावधानी बरतनी होगी कि वे इस वायरस को अपने घरों तक न लेकर जाएं. हमें प्रवासियों को राज्य छोड़ने के लिए मजबूर नहीं करना चाहिए, यदि संभव हो तो उन्हें वापस रहना चाहिए. हम उनकी मदद करेंगे. लॉकडाउन को हटाया नहीं जाना चाहिए, हमें इसे विनियमित करना चाहिए और कुछ छूट की अनुमति देनी चाहिए.
उद्धव ठाकरे ने कहा कि विशेष रूप से पीपीई, वेंटिलेटर आदि चिकित्सा उपकरणों पर जीएसटी माफ किया जाना चाहिए. ग्रीन जोन में, हम पहले ही आर्थिक गतिविधियों की अनुमति दे चुके हैं. अंतर-जिला स्क्रीनिंग सख्ती के साथ होना चाहिए. सोशल मीडिया के माध्यम से फैली अफवाहों पर अंकुश लगाने के प्रयासों की निगरानी की जानी चाहिए.
राज्य में केंद्रीय पुलिस की तैनाती के लिए आग्रह करता हूं, क्योंकि राज्य पुलिस बिना किसी आराम के काम कर रही है. हमें यह सुनिश्चित करना होगा कि पुलिस को आराम के लिए आवश्यक समय दिया जाए.
तेलंगाना के मुख्यमंत्री केसीआर ने कहा कि हम इस स्थिति से निपटने के लिए पूरी तरह से तैयार हैं. ट्रेन सेवाओं की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए, हम चाहते हैं कि केंद्र उचित रणनीति तैयार करे और ट्रेन सेवा को फिलाहल को के लिए बंद ही रखे. तेलंगाना के सीएम ने आशंका जताई कि ट्रेन सेवाओं को फिलहाल शुरू करने से कोरोना वायरस का संक्रमण फैल सकता है और स्क्रीनिंग आदि मुश्किल हो जाएगा.
तमिलनाडु के सीएम ने केंद्र से मांगा राज्य के लिए विशेष अनुदान
तमिलनाडु के सीएम पलानीस्वामी ने पीएम मोदी से की एनएचएम फंड्स को जल्द जारी करने और तमिलनाडु को 2000 करोड़ का विशेष अनुदान जारी करने करने की मांग की है. उन्होंने साथ ही जीएसटी की बकाया राशि को भी जल्द जारी करने के लिए अनुरोध किया. उन्होंने कहा कि चेन्नई में कोरोना के पॉजिटिव मामले बढ़ रहे हैं, तमिलनाडु में 31 मई तक ट्रेन सेवा की अनुमति न दें. मैं आपसे अनुरोध करता हूं कि 31 मई तक नियमित हवाई सेवा भी शुरू नहीं करें.
राजस्थान सीएम ने कहा, अंतरराज्यीय सप्लाई चेन को काम करने देना चाहिए
राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने कहा कि अंतरराज्यीय सप्लाई चेन को सही तरीके से काम करने देना चाहिए. बिना राशन कार्ड के भी लोगों को राहत मिलनी चाहिए. उन्होंने कहा कि हमारे राज्य में इकॉनोमिक टास्क फोर्स का गठन किया गया है. जो प्रवासी मजदूर फंसे हुए है और वापस नहीं जा रहे हैं उन्हें कुछ निश्चित गतिविधियों में लगाया जाना चाहिए.

