BnnBharat | bnnbharat.com |
  • समाचार
  • झारखंड
  • बिहार
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • औषधि
  • विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी करेंट अफेयर्स
  • स्वास्थ्य
No Result
View All Result
  • समाचार
  • झारखंड
  • बिहार
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • औषधि
  • विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी करेंट अफेयर्स
  • स्वास्थ्य
No Result
View All Result
BnnBharat | bnnbharat.com |
No Result
View All Result
  • समाचार
  • झारखंड
  • बिहार
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • औषधि
  • विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी करेंट अफेयर्स
  • स्वास्थ्य

ए के राय की अंत्येष्टि पूरे राजकीय सम्मान के साथ की जाएगी

by bnnbharat.com
July 21, 2019
in Uncategorized
ए के राय की अंत्येष्टि पूरे राजकीय सम्मान के साथ की जाएगी

Comrade AK Rai passes away, wave of grief

Share on FacebookShare on Twitter

धनबाद : राजनीति के संत कॉमरेड एके राय का निधन हो गया.वह पिछले पांच दिनों से बीसीसीएल के सेंट्रल अस्पताल के CCU में इलाजरत थे . एके राय के निधन से कोयलांचल में शोक का माहौल है.

Also Read This :- आयुष्मान भारत योजना झारखंड के कई इलाकों में गरीबों के लिए हो रही है वरदान साबित  

मुख्यमंत्री रघुवर दास ने पूर्व सांसद एके राय के निधन पर शोक जताया है.मुख्यमंत्री ने कहा है कि राय के निधन से झारखंड को बड़ा नुक़सान हुआ है.उन्होंने यह भी कहा कि ए के राय की अंत्येष्टि पूरे राजकीय सम्मान के साथ की जाएगी.

अपनी सादगी और ईमानदारी के लिए देश भर में पहचान बनाने वाले Marxist thinker AK Roy नहीं रहे. उम्रजनित बीमारियों के कारण राय ने 84 वर्ष की उम्र में रविवार सुबह बीसीसीएल के केंद्रीय अस्पताल में अंतिम सांस ली. तबियत खराब होने के बाद इलाज के लिए उन्हें 8 जुलाई को केंद्रीय अस्पताल में भर्ती कराया गया था. तब से उनका इलाज चल रहा था. उनके निधन के बाद कोयलांचल में शोक की लहर दौड़ गई है.

AK ROY का राजनीतिक सफरनामाः Marxist Co-ordination Committee (MCC) के संस्थापक Arun Kumar Roy को AK ROY या राय दादा के नाम से ही जाना जाता है. राजनीति में आने से पहले राय सिंदरी खाद कारखाना में बताैर केमिकल इंजीनियर काम करते थे. खाद कारखाना में हड़ताल ( 1966-67) का समर्थन करने के कारण प्रबंधन ने उन्हें बर्खास्त कर दिया. इसके बाद कम्युनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया (एम) में शामिल होकर राजनीति के मैदान में खुलकर आ गए. 1966-71 तक CPIM में रहे.इसके बाद अलग होकर  Marxist Co-ordination Committee ( मार्क्सवादी समन्वय समिति) नामक पार्टी बना राजनीति शुरू की.

Share this:

  • Click to share on Facebook (Opens in new window)
  • Click to share on X (Opens in new window)

Like this:

Like Loading...

Related

Previous Post

सिद्धू की सियासत पर पंजाब की पॉलिटिक्स में फंसा पेंच

Next Post

चंद्रयान-2 :’बाहुबली’ लॉन्च होने के लिए तैयार

Next Post
चंद्रयान-2 :’बाहुबली’ लॉन्च होने के लिए तैयार

चंद्रयान-2 :'बाहुबली' लॉन्च होने के लिए तैयार

Leave a Reply Cancel reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

  • Privacy Policy
  • Admin
  • Advertise with Us
  • Contact Us

© 2025 BNNBHARAT

No Result
View All Result
  • समाचार
  • झारखंड
  • बिहार
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • औषधि
  • विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी करेंट अफेयर्स
  • स्वास्थ्य

© 2025 BNNBHARAT

%d