बिहार(मुंगेर): ऑल बिहार ट्रेंड लाइब्रेरियन एसोसिएशन की ओर से पटना उच्च न्यायालय में कल एक जनहित याचिका दायर कि गई. जिसमें ऑल बिहार ट्रेंड लाइब्रेरियन एसोसिएशन कि ओर कहा गया की प्रदेश में राज्य के विभिन्न माध्यमिक एवं उच्च माध्यमिक विद्यालय में 10 हजार से ज्यादा लाइब्रेरियन के पद रिक्त हैं परंतु शिक्षा विभाग बिहार सरकार 2008 के बाद कोई भी नया आवेदन नहीं मांगा गया है.
वहीं याचिका दायर होने के बाद मंगलवार को जिला अध्यक्ष सौरभ सुमन के नेतृत्व में जमालपुर के ऑक्सफोर्ड सेंटर में एसोसिएशन द्वारा प्रेस कॉन्फ्रेंस का आयोजन किया गया. जिसमें जिला प्रभारी राजकुमार राजा ने कहा कोर्ट का फैसला सभी बेरोजगार लाइब्रेरियन के हित में होगा ऐसा उम्मीद ही नहीं यकीन भी है. मौके पर जिला अध्यक्ष सौरभ सुमन ने कहा कि सरकार सिर्फ आश्वासन देती रही सभी विद्यालय में पद सृजित किया जाएगा लेकिन अभी तक ऐसा कुछ नहीं हो सका जिसके कारण हम लोगों को न्यायालय की शरण में जाना पड़ा.
वहीं जिला उपाध्यक्ष शिप्रा भारती का कहना है कि लाइब्रेरी के बहाली के लिए सरकार के शिक्षा सचिव, निदेशक माध्यमिक शिक्षा, शिक्षा मंत्री एवं मुख्यमंत्री एवं जिले के स्थानीय विधायक तक को ज्ञापन दिया गया एवं विधानसभा में इस प्रश्न को भी उठाया गया इसके बावजूद आज तक कोई नया विज्ञापन नहीं आया. वहीं उन्होंने कहां की राज्य में लगभग 9630 माध्यमिक एवं उच्च माध्यमिक विद्यालय है लेकिन मात्र 2400 में ही ललाइब्रेरियन हैं बाकी बचे स्कूलों में पद सृजित कर नियुक्ति की जाए. वहीं जिला सचिव सुब्रत सिन्हा का कहना है याचिका दायर होने से बहुत से विद्यार्थी में एक उम्मीद दिखने लगा है.
याचिका दायर होने से पल्लवी अलका शिवानी श्रीराम ने एसोसिएशन के फैसले का स्वागत करते हुए कहा अब कोर्ट के फैसला का इंतजार है और हम लोगों को पूरी उम्मीद है कि माननीय उच्च न्यायालय द्वारा लाइब्रेरी एसोसिएशन के रिक्त पदों पर बहाली के संबंध में कोई ठोस निर्णय सुनाया जाएगा.
साथ ही जिला अध्यक्ष सौरभ सुमन ने कहा कि एसोसिएशन की प्रमुख मांगो को भी दायर याचिका के साथ कोर्ट में पेश किया गया है जो इस प्रकार हैं
- राज्य के जिन माध्यमिक एवं उच्चतरमाध्यमिक विद्यालयों में पुस्तकालय अध्यक्ष का पद सृजित नहीं किया गया है .उसमें अभिलंब पद सृजित कर पुस्तकालय अध्यक्ष की नियुक्ति की जाए.
- नियुक्ति का आधार प्रतियोगिता परीक्षा हो.
- राज्य के अभिलेखागार में पुस्तकालय एवं सूचना विज्ञान के छात्रों को नियुक्ति में प्राथमिकता दी जाए क्योंकि ये अभीलेख संधारण में दक्ष होते हैं.
4.राज्य में व्यवस्थित संग्रहालय में पुस्तकालय एवं सूचना विज्ञान के छात्रों की नियुक्ति हो.
- राज्य में अवस्थित चिकित्सा महाविद्यालय, नर्सिंग कॉलेज, भेटनरी कॉलेज, कृषि विश्वविद्यालय एवं महाविद्यालय इंजीनियरिंग एवं पॉलिटेक्निक महाविद्यालय, आईटीआई कॉलेज इत्यादि में पुस्तकालय अध्यक्ष की नियमित नियुक्ति की जाए जहां पद का सृजन नहीं है वहां पद का सृजन कर बहाली की जाए.
- राज्य में सार्वजनिक पुस्तकालयों की संख्या बढ़ाई जाए एवं उसमें पुस्तकालय अध्यक्ष की नियुक्ति की जाए.
- दशकों से रिक्त विश्वविद्यालय एवं महाविद्यालय में पुस्तकालयों में पुस्तकालय अध्यक्ष का पद पर नियुक्ति की जाए.
- प्रदेश सरकार द्वारा संचालित राजकीय अंबेडकर स्कूल में लाइब्रेरियन का पद सृजित कर वहां पुस्तकालय अध्यक्ष की नियुक्ति की जाए.
- पुस्तकालय एवं सूचना विज्ञान के छात्र होने के नाते सूचना अभिलेख संधारण एवं ऑटोमेशन से संबंधित होने वाले नियुक्तियों में पुस्तकालय एवं सूचना विज्ञान के छात्रों को प्राथमिकता दी जाए.
- प्रदेश के विभिन्न विभागों में अवस्थित पुस्तकालयों की दशा को सुधारते हुए उसमें पुस्तकालय अध्यक्ष की नियुक्ति की जाए.
- प्रदेश के जिन विश्वविद्यालय में पुस्तकालय एवं सूचना विज्ञान की पढ़ाई होती है, वहां स्थाई शिक्षकों की नियुक्ति की जाए.

