नई दिल्ली: दिल्ली के तीनों उत्तरी, दक्षिणी और पूर्वी नगर निगम के सफाई कर्मियों की कोरोना से मौत होने के बाद अब उनके परिजनों को भी एक करोड़ का आर्थिक मुआवजा दिया जाएगा. नगर निगम और सफाई कर्मचारी आयोग की अनुशंसा पर दिल्ली सरकार ने सफाई कर्मियों के परिजनों को राशि जारी करने की अनुमति दे दी है.
दिल्ली सफाई कर्मचारी आयोग के अध्यक्ष संजय गहलोत ने तीनों निगमों से कोरोना से मरने वाले सफाई कर्मियों की फाइल मांग कर दिल्ली सरकार को सौंपी थी. यही नहीं गहलोत ने दिल्ली सरकार से अनुसूचित जाति/जनजाति/महिला एवं बाल विकास मंत्री राजेंद्र पाल गौतम से भी मुलाकात की थी.
मंत्री राजेंद्र पाल गौतम ने आयोग की फाइल पर हर संभव मदद करने का आश्वासन दिया था. जिसके बाद अब पूर्वी दिल्ली की सफाई कर्मी रही सुनीता के परिजनों को एक करोड़ का मुआवजा दिया जाएगा. राजस्व विभाग के मुख्यालय ने निगम को पत्र लिखकर कार्रवाई पूरी करने को कहा है.
दिल्ली सफाई कर्मचारी आयोग के अध्यक्ष संजय गहलोत का कहना है कि निगम के सभी सफाई कर्मचारी जिनकी कोरोना से ड्यूटी के दौरान मौत हुई है सभी के परिजनों को मुआवजा दिया जाएगा. दिल्ली सरकार अपने वादे पूरे कर रही है. सुनीता के बाद फिर विनोद के परिजनों और फिर अन्य सफाई कर्मियों के परिजनों को मुआवजा दिया जाएगा. कोरोना में सभी शहीदों को नमन है.
बता दें कि अभी तक निगम की कॉन्ट्रैक्ट टीचर रही बाय कली सरकार के अलावा किसी भी निगम कर्मी को मुआवजा नहीं मिला है. निगम के में एक दर्जन के करीब कोरोना से मौत हुई है. मुआवजा राशि न दिए जाने को लेकर कई यूनियनों खासकर दिल्ली सफाई एक्शन कमेटी ने सरकार पर भेदभाव करने का आरोप लगाया था. निगम जनप्रतिनिधियों, विपक्षी दलों ने भी सरकार को घेरा था, जिसके बाद यह फैसला लिया गया है.

