दिल्ली: असदुद्दीन ओवैसी की पार्टी मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) के विधायक मुफ्ती मोहम्मद इस्माइल ने एक भड़काऊ बयान के साथ विवाद खड़ा कर दिया कि अगर मुस्लिम शांति बनाए रखना जानते हैं, तो वे यह भी जानते हैं कि इसे कैसे खत्म किया जाए.
दरअसल, एक वीडियो वायरल हो रहा है जिसमें महाराष्ट्र के मालेगांव (सेंट्रल) विधानसभा क्षेत्र के विधायक मुफ्ती मोहम्मद इस्माइल को यह कहते हुए सुना जाता है कि मुस्लिम समुदाय के धैर्य की परीक्षा नहीं होनी चाहिए. हम एक असहाय व्यक्ति नहीं हैं. इसके साथ ही मुफ्ती मोहम्मद अपने भाषण में हाल ही में मालेगांव शहर में एआईएमआईएम के कार्यकर्ता रिजवान खान के आवास पर गोलीबारी की घटना का जिक्र करते हैं.
मुफ्ती मोहम्मद रिजवान के घर पर हुए गोलीबारी का जिक्र करते हुए कहते हैं कि यदि पुलिस हमारी रक्षा नहीं कर सकती है तो हमने भी हाथ में चूडियां नहीं पहन रखी हैं, यह हमारी शराफत है कि हम आजतक चुप रहे हैं.
हालांकि विधायक ने नए नागरिकता कानून और एनपीआर के खतरों के बारे में बात करके अपना भाषण शुरू किया, लेकिन उन्होंने स्थानीय मुद्दों पर बात करते हुए गोलीबारी की घटना के संदर्भ में अपनी बात रखते हुए ये बयान दिया है.

