रंजीत कुमार
सीतामढ़ी : पूर्वी चंपारण को जोड़ने वाली लालबकईया नदी पर बना डायवर्सन तेज बारिश के कारण बह गया. लोगों के आने-जाने का एकमात्र सहारा बने डायवर्सन के टूट जाने से लोग काफी परेशान है. सरकार की मानसून से पूर्व की जाने वाली तैयारियों की पोल खोलता हैं यह टूटा हुआ डायवर्सन. कुछ लोग मजबूरन नाव से नदी पार करते हैं पर भय लगा रहता है यहां पूर्व में कई हादसे हो चुके हैं,जिसमें दर्जनों लोगों ने अपनी जान गवाई है।ज्ञात हो कि दो जिलों को जोड़ने वाली पुल की लागत को लेकर टेंडर लेने वाली कंपनी और सरकार के बीच काफी दिनों तक मशक्कत हुई थी लेकिन अंततः पथ निर्माण विभाग ने टेंडर समाप्त कर दिया था ।इसके बाद वर्ष 2017 में दोबारा टेंडर निकाला गया पर अब तक टेंडर डिसाइड नहीं हुआ।पुल टूटने के बाद से डायवर्सन एकमात्र सहारा है। तेज बारिश या बाढ़ में डायवर्सन डूबने पर लोग नाव से जान जोखिम में डालकर नदी पार करते हैं।नाव हादसे में दर्जनों लोगों ने अपनी जान गवाई हैं।

