दिल्ली: दक्षिण चीन सागर में चाइना व अमरीका के बीच तनाव बढ़ता ही जा रहा है. इस टकराव को लेकर बीते कई वर्षों दोनो राष्ट्रों के बीच टकराहट देखने को मिल रही है.
अमरीकी विदेश मंत्री माइक पोम्पियो का बोलना है कि ड्रैगन दक्षिण चीन सागर में दूसरे राष्ट्रों पर हावी होने की प्रयास कर रहा है. अमरीका उसके इस समुद्री साम्राज्य में दावों को निर्बल करेगा.
अमरीकी विदेश मंत्री माइक पोम्पियो के अनुसार दक्षिण चीन सागर में संपदा खोजने के चाइना के कोशिश पूरी तरह अवैध हैं. पोम्पियो ने बोला कि वो ये स्पष्ट कर देना चाहते हैं कि विवादित जल क्षेत्र को नियंत्रित करने का चाइना का आक्रामकता पूरी तरह से गलत है.
चीन दक्षिण चीन सागर के बड़े हिस्से पर अपना दावा पेश करता रहा है व वो यहां मानव निर्मित द्वीपों पर सैन्य अड्डे बसा रहा है. वहीं इस क्षेत्र में ताइवान, फिलीपींस, ब्रुनेई, मलेशिया व वियतनाम भी अपने दावे पेश करते रहे हैं.
सोमवार को जारी बयान में पोम्पियो ने दक्षिण चीन सागर में विवादित स्पार्टली द्वीप पर चाइना के दावों का विरोध किया है. पोम्पियो ने कहा, ‘इस जलक्षेत्र में दूसरे राष्ट्रों के मछली पकड़ने या हाइड्रेकार्बन विकास से जुड़ी गतिविधियों को परेशान करने वाला कोई भी कदम या इकतरफा तौर पर गतिविधियों को अंजाम देना गलत है.’
पोम्पियो ने बोला है कि अमरीका दक्षिण पूर्व एशिया में अपने सहयोगियों के अधिकारों व समंदर में तट से दूर संसाधनों की सुरक्षा के लिए प्रतिबद्ध है. पोम्पियो ने बोला कि अमरीका का पक्ष अंतर्राष्ट्रीय कानूनों के हिसाब से तर्कसंगत है. ड्रैगन दूसरे राष्ट्रों पर हावी होने का प्रयास कर रहा है.

