धनबाद: आम जनों की शिकायतों का पारदर्शी, त्वरित और समयबद्ध तरीके से निवारण सुनिश्चित करने के उद्देश्य से उपायुक्त उमा शंकर सिंह के निर्देश पर नेशनल इन्फोरमेटिक्स सेंटर (एनआईसी) धनबाद एवं डीएमएफटी के संयुक्त प्रयास से विकसित ई-समाधान पोर्टल 10 नवंबर से विधिवत रूप शुरू होगा. पोर्टल के सारे काम की निगरानी के लिए उपायुक्त ने कार्यपालक दंडाधिकारी दीपमाला एवं फूड सेफ्टी ऑफिसर अदिति सिंह को नामित किया है.
इस संबंध में उपायुक्त की अध्यक्षता में आज समाहरणालय के सभागार में आयोजित बैठक में उपायुक्त ने कहा कि पोर्टल पर दर्ज शिकायतों का निवारण त्वरित किया जाएगा. साथ ही शिकायत ट्रैकिंग प्रणाली से शिकायतकर्ता को हर जानकारी एसएमएस से मिलती रहेगी. यह आमजन एवं विभाग तथा कार्यालयों के लिए यूजर फ्रेंडली प्रणाली पर विकसित किया गया है.
उपायुक्त ने कहा कि ई-समाधान पोर्टल पर ससमय शिकायतें का निवारण होगा. इससे लोगों को होने वाली परेशानियां भी दूर होगी एवं आमजनों में प्रशासन के प्रति विश्वास की भावना बढ़ेगी. इसलिए सभी विभागों एवं कार्यालयों को आमजनों की शिकायतों का निवारण करने के लिए जिम्मेदार बनाया गया है.
ई-समाधान की विशेषता
समाधान की विशेषता बताते हुए उपायुक्त ने कहा कि इससे ऑनलाइन शिकायतों का निवारण होगा. शिकायत दर्ज होने से लेकर अनुपालन तक की प्रक्रिया की रियल टाइम ट्रैकिंग एवं सूचना संप्रेषण की सुविधा प्रदान की गई है. संबंधित विभागों के द्वारा इसका समयबद्ध अनुपालन किया जाएगा. ई-समाधान पारदर्शी, सशक्त एवं सुरक्षित शिकायत निवारण प्रणाली है.
इसके शुरू होने के बाद लोग कहीं से भी पोर्टल या स्मार्ट फोन से ऑनलाइन शिकायत दर्ज करा सकते हैं. लोगों की सुविधा के लिए इसे हिंदी एवं अंग्रेजी भाषा में विकसित किया गया है.
ई-समाधान में शिकायत दर्ज करने के लिए शिकायतकर्ता को अपने स्मार्टफोन या कंप्यूटर से वेबसाइट मेंउंकींद.महवअकीद.पद पर रजिस्टर करना होगा. रजिस्ट्रेशन कराने के लिए नाम और पूरा पता देना अनिवार्य होगा. रजिस्ट्रेशन के बाद वे अपनी शिकायत के संबंध में ब्योरा लिखकर, संबंधित दस्तावेज को पोर्टेबल डॉक्यूमेंट फॉरमेट (पीडीएफ) के साथ पोर्टल पर अपलोड करेंगे.
शिकायत अपलोड होने के साथ ही आवेदक को टोकन नंबर और एसएमएस प्राप्त होगा. इसके बाद आवेदक शिकायत के संबंध में सारी जानकारी ऑनलाइन देख सकेगा. शिकायत के प्रगति की हर जानकारी एसएमएस से मिलती रहेगी. जन शिकायत कोषांग में शिकायतकर्ता को अपना पहचान पत्र एवं मोबाइल नंबर देना अनिवार्य होगा.
उपायुक्त ने बताया कि लोग स्वयं अपने मोबाइल फोन एवं कंप्यूटर के माध्यम से शिकायत को दर्ज कर सकते हैं. संबंधित पंचायत के 14वें वित्त आयोग के अधीन कार्यरत कंप्यूटर ऑपरेटर, सभी प्रखंड एवं अंचलों में कार्यरत जन शिकायत कोषांग, जिला समाहरणालय में कार्यरत जन शिकायत कोषांग, संबंधित विभाग के कार्यालय के जन शिकायत कोषांग में निशुल्क शिकायत को दर्ज करा सकते हैं.
बैठक में उपायुक्त उमा शंकर सिंह, नजारत उप समाहर्ता अनुज बांडो, कार्यपालक दंडाधिकारी दीपमाला, जिला सूचना एवं विज्ञान पदाधिकारी सुनीता तुलसियान, फूड सेफ्टी ऑफिसर अदिति सिंह, जिला कल्याण पदाधिकारी दयानद दुबे, आइटी राजस्व रूपेश मिश्रा, जिला आपदा प्रबंधन पदाधिकारी संजय कुमार झा, डीएमएफटी ऑफिसर संदीप कुमार, अनिरुद्ध सोनी, शगुन कुमार, गौरव कुमार, जिला जनसंपर्क कार्यालय से रवि प्रकाश सिंह, अमित कुमार उपस्थित थे.

