ग्वालियर: कोरोना वायरस संक्रमण के सफल नियंत्रण हेतु सम्पूर्ण जिले में इंसीडेंट कमाण्डर ग्रुप बनाये गये. और इसे सशक्त बनाये जाने पर भी जोर दिया . और कहा कि इस ग्रुप में स्वास्थ्य, नगर पालिकाए, पुलिस तथा अन्य विभागों के अधिकारी-कर्मचारियो को जोड़ा जाए. जिससे कोविड-19 संक्रमण की सूचनाओं का आदान प्रदान के साथ साथ ट्रेसिंग एवं ट्रेकिंग का कार्य बेहतर तरीके से हो सके. इस आशय के निर्देश पर ग्वालियर संभाग के कमिश्नर एम बी ओझा ने अशोकनगर कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित कोविड 19 एवं विभिन्न विभागों की विभागीय योजनाओं की समीक्षा बैठक की और अधिकारियों को निर्देश दिए.
बैठक में एडीजी राजाबाबू सिंह, कलेक्टर डॉ. मंजू शर्मा, पुलिस अधीक्षक रघुवंश सिंह भदौरिया, अपर कलेक्टर डॉ. अनुज रोहतगी, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत चंद्रशेखर शुक्ला सहित संबंधित विभागों के जिला अधिकारी उपस्थित थे।.
बैठक में कमिश्नर ओझा ने निर्देश दिए कि जिले में कोरोना वायरस संक्रमण के संदिग्ध व्यक्तियों के सेम्पलों की संख्या बढाई जाए. सेम्पल लिये गये व्यक्तियों को क्वारंटाइन किया जाए. सम्पूर्ण रिपोर्ट आने के पश्चात ही डिस्चार्ज किया जाए. उन्होंने निर्देश दिए कि कोरोना पॉजीटिव व्यक्ति के संपर्क में आने वाले व्यक्तियों की सूची तैयार कर उनके सेम्पल लेकर जांच हेतु भेजे जाए.
बाहर से आने वाले व्यक्तियों पर सतत निगरानी रखी जाए. इंसीडेट कमांडर की टीम सतत सक्रिय होकर कार्य करें. साथ ही पॉजीटिव व्यक्ति की ट्रेवल्स हिस्ट्री के सटीक विश्लेषण कर सूची बनाकर गाईडलाईन अनुसार कार्यवाही करें. उन्होंने जिले में कोविड 19 से संबंधित स्वास्थ्य व्यवस्थाओं के संबंध में मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी एवं सिविल सर्जन से जानकारी प्राप्त की. उन्होंने निर्देश दिए कि कोरोना सक्रमण से निपटने के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थायें एवं सामग्री की उपलब्धता सुनिश्चित हो.
कमिश्नर ओझा ने जिले में आए प्रवासी मजदूरों तथा मनरेगा अंतर्गत उपलब्ध कराये गये रोजगार के संबंध में सीईओ जिला पंचायत से जानकारी प्राप्त की. बैठक में बताया गया कि जिले में प्रदेश के अन्य जिलों से 6507 प्रवासी मजदूर जिले में वापिस आए है. जिसमें से 6443 श्रमिकों को मनरेगा अंतर्गत रोजगार उपलब्ध कराया गया है. गेहूं खरीदी की समीक्षा करते हुए गेहूं उपार्जन, परिवहन एवं भंडारण के संबंध में विस्तार से जानकारी ली.
बैठक में बताया गया कि जिले में अब तक 75 खरीदी केन्द्रों पर 17885 किसानों से 20 लाख 35 हजार 145 क्विंटल गेहूं की खरीदी की गई. किसानों को 03 अरब एक करोड़ 57 लाख 65 हजार 804 रूपये की राशि का भुगतान हो चुका है. गेहूं का परिवहन 98.43 प्रतिशत हो चुका है. जिले की 15 सेवा सहकारी समितियों में चना खरीदी हेतु बनाये गये केन्द्रों पर 6575 किसानों से 203333 क्विंटल चने की खरीदी की जा चुकी है. किसानों को 7 लाख 36 हजार 125 रूपये का भुगतान किया गया। साथ ही 157246 क्विंटल चने का परिवहन कर भंडारण कराया गया है। बैठक में शहरी क्षेत्रों में आये प्रवासी मजदूरों का पंजीयन एवं रोजगार मुहैया कराने के निर्देश जिला शहरी विकास अभिकरण के अधिकारी को दिए.
बैठक में एडीजी राजाबाबू सिंह ने निर्देश दिए कि इंसीडेंट कमांडर 24 घंटे में एक बार कोविड 19 के संबंध में विभिन्न विभागों के साथ समीक्षा अवश्य करें. साथ ही आवश्यक व्यवस्थाओं एंव कार्यवाही के लिए प्रशिक्षित भी करें. उन्होंने कहा कि आगामी 02 माह में कोरोना वायरस संक्रमण का खतरा ज्यादा है. इससे बचाव के लिए सजग होकर टीम भावना के साथ कार्यो को करें। जिससे जिले में कोरोना वायरस के खतरे से बचा जा सके.
बैठक में कलेक्टर डॉ. मंजू शर्मा द्वारा जिले में कोविड 19 के संबंध में जिले में अभी तक प्राप्त कोरोना पॉजीटिव प्रकरणों की संख्या, आईसोलेशन वार्ड, क्वारंटाइन सेंटर, चिकित्सकों तथा पैरामेडिकल स्टाफ के बारे में विस्तार से जानकारी दी. साथ ही जिले में गेहूं खरीदी के लक्ष्य से ढाई गुना खरीदी, किसानों को भुगतान, परिवहन एवं भण्डारण के बारे में विस्तार से जानकारी दी.

