BnnBharat | bnnbharat.com |
  • समाचार
  • झारखंड
  • बिहार
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • औषधि
  • विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी करेंट अफेयर्स
  • स्वास्थ्य
No Result
View All Result
  • समाचार
  • झारखंड
  • बिहार
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • औषधि
  • विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी करेंट अफेयर्स
  • स्वास्थ्य
No Result
View All Result
BnnBharat | bnnbharat.com |
No Result
View All Result
  • समाचार
  • झारखंड
  • बिहार
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • औषधि
  • विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी करेंट अफेयर्स
  • स्वास्थ्य

fabispray: कोरोना का इलाज करेगा ‘फैबीस्प्रे’, जानिए नाक से दी जाने वाली दवा के बारे में सब कुछ

by bnnbharat.com
February 10, 2022
in समाचार
fabispray: कोरोना का इलाज करेगा ‘फैबीस्प्रे’, जानिए नाक से दी जाने वाली दवा के बारे में सब कुछ

FabiSpray®

Share on FacebookShare on Twitter

 

कोरोना महामारी के इलाज के लिए नैसल स्प्रे के रूप में एक और दवा आ गई है. ग्लेनमार्क फार्मास्यूटिकल्स ने कनाड़ा की कंपनी ‘सैनोटाइज’ (sanotize) के रूप में भारत में नाइट्रिक ऑक्साइड आधारित नैसल स्प्रे ‘फैबीस्प्रे’ (fabispray) बाजार में पेश कर दिया है. भारत के ड्रग नियामक ने बीते दिनों इसे मंजूरी दी थी.
ग्लेनमार्क ने बुधवार को एलान किया कि उसने भारत में ‘फैबीस्प्रे’ बांड नाम से यह नैसल स्प्रे लांच कर दिया है. इससे कोरोना के उन मरीजों का उपचार किया जाएगा, जिनमें महामारी तेजी से फैलने का अंदेशा होगा. भारत के ड्रग कंट्रोलर (dcgi) ने हाल ही में ग्लेनमार्क को इस दवा के उत्पादन व विपणन के लिए आपात मंजूरी प्रदान की थी.
ग्लेनमार्क फार्मा के मुख्य वाणिज्यिक अधिकारी रॉबर्ट क्रोकार्ट ने एक बयान में कहा कि हम कोरोना के खिलाफ भारत की जंग के एक महत्वपूर्ण साझेदार हैं.  नाइट्रिक ऑक्साइड आधारित नैसल स्प्रे की मंजूरी व सैनोटाइज के साथ साझेदारी में इसे जारी करने पर हमें खुशी हो रही है. कोविड-19 के उपचार के लिए यह एक और सुरक्षित व प्रभावी एंटी वायरल दवा है. इससे मरीज को समय पर और आवश्यक इलाज मिल सकेगा.

ऐसे काम करेगा फैबीस्प्रे

नाइट्रिक ऑक्साइड आधारित यह नैसल स्प्रे, नाक के ऊपरी हिस्से में कोविड-19 वायरस का प्रभावी ढंग से खात्मा करने का काम करेगा. परीक्षण के दौरान इसने कोरोना वायरस के खात्मे और दवा के एंटी-माइक्रोबियल गुणों को साबित किया है. जब यह स्प्रे नाक के म्यूकस पर छिड़का जाता है तो यह वायरस को बढ़ने व शरीर में फैलने से रोकने के लिए शारीरिक और रासायनिक बाधा पैदा करता है. इस तरह से यह वायरस को फेफड़ों में फैलने से रोकता है.

Share this:

  • Click to share on Facebook (Opens in new window)
  • Click to share on X (Opens in new window)

Like this:

Like Loading...

Related

Previous Post

एआरसीआई के वैज्ञानिकों ने हाइड्रोजन उत्पादन में कम कार्बन पैदा करनी वाली ऊर्जा दक्षता पद्धति विकसित की

Next Post

खली उर्फ दिलीप सिंह राणा भाजपा में शामिल हुये

Next Post
खली उर्फ दिलीप सिंह राणा भाजपा में शामिल हुये

खली उर्फ दिलीप सिंह राणा भाजपा में शामिल हुये

  • Privacy Policy
  • Admin
  • Advertise with Us
  • Contact Us

© 2025 BNNBHARAT

No Result
View All Result
  • समाचार
  • झारखंड
  • बिहार
  • राष्ट्रीय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • औषधि
  • विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी करेंट अफेयर्स
  • स्वास्थ्य

© 2025 BNNBHARAT

%d