हजारीबाग: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के आत्मनिर्भर भारत के आह्वान पर हजारों लोगों ने नौकरी छोड़ कर व्यवसाय व खेती प्रारंभ किया है. ऐसे लोग ना केवल बेहतर कार्य कर रहे हैं, बल्कि सैकड़ों लोगों को प्रशिक्षण दे रहे हैं. साथ ही हजारों लोगों के लिए प्रेरणा स्रोत बन रहे हैं.
ऐसे ही एक युवा हजारीबाग जिला के दारू प्रखंड के हरली के रहने वाले हैं दीपक कुमार. पहले वे श्री विजया कंस्ट्रक्शन कंपनी में प्रोजेक्ट मैनेजर थे. आज प्रोजेक्ट मैनेजर की नौकरी छोड़कर जैविक खेती कर साल में 6 से 7 लाख रुपये से अधिक की कमाई कर रहे हैं. दीपक 5 एकड़ जमीन में बंधा गोभी, मटर, टमाटर सहित अन्य सब्जियों की खेती जैविक तरीके से करते हैं. साथ ही लोगों, सैकड़ों किसानों को जैविक खेती की जानकारी देते हैं.
दीपक का कहना है कि यदि लोग संकल्प लें तो निश्चित रूप से वे आत्मनिर्भर बन सकते हैं. सरकार इस दिशा में हर संभव सहयोग कर रही है. उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार की कृषि संबंधी योजनाओं के कारण ही वे अपने खेत में महज 10% अपनी राशि लगाकर ड्रिप सिंचाई का उपयोग कर रहे हैं. आज दीपक खुश हैं और सैकड़ों लोगों को प्रशिक्षण दे रहे हैं.
प्रखंड विकास पदाधिकारी राम रतन बरनवाल भी कहते हैं कि दीपक जैसे लोग युवाओं के प्रेरणा स्रोत हैं. उन्होंने कहा कि जब लोगों ने दीपक के बारे में उन्हें जानकारी दी तो वे उसकी खेती को देखने पहुंचे और उन्हें संतुष्टि मिली. उन्होंने कहा कि वे न केवल जैविक खेती कर रहे हैं, बल्कि सैकड़ों किसानों को प्रशिक्षण दे रहे हैं और दर्जनों गांव के मजदूरों को रोजगार भी मुहैया करा रहे हैं. ऐसे युवक निश्चित रूप से अन्य युवकों के लिए प्रेरणा स्रोत हैं.

