देवघर: उपायुक्त सह जिला दण्डाधिकारी नैंसी सहाय की अध्यक्षता में स्वास्थ्य विभाग द्वारा किये जा रहे कार्यों की समीक्षा बैठक का आयोजन समाहरणालय सभागार में आयोजित किया गया.
इस दौरान उपायुक्त द्वारा जिले में कोरोना संक्रमण के तहत किये जा रहे कार्यो यथा- संक्रमित मरीज की जांच, उनका इलाज, आईसोलेशन सेंटर व क्वारंटाइन सेंटर में रह रहे लोग एवं उन्हें दी जा रही सुविधा, संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में आये लोगो की ट्रेसिंग एवं जिले में चल रहे कोरोना से संबंधित स्वास्थ्य जांच के अलावे स्वास्थ्य विभाग द्वारा किये जा रहे कार्यों की वास्तुस्थिति से अवगत हुई.
समीक्षा के क्रम में उपायुक्त ने सिविल सर्जन को निदेशित किया कि जिले में कोरोना जांच की संख्या में तेजी लाए साथ ही जांच रिपोर्ट को भी अपडेट रखें. साथ हीं वैसे व्यक्ति जो कोरोना संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में आये हो उनको चिन्हित करते हूए सभी व्यक्तियों के जांच हेतु और अधिक टीम का गठन किया जाये, ताकि जल्द से जल्द कोरोना संक्रमित मरीजों के संपर्क में आये व्यक्तियों की जांच की जा सके.
वर्तमान में कोरोना के बढ़ते संख्या को देखते हुए उपायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को किसी भी विकट परिस्थिति से निपटने हेतु रैपिड रिएक्शन स्वास्थ्य टीम का गठन करने का निदेश दिया.
इसके अलावे बैठक के दौरान उपायुक्त ने सिविल सर्जन डाॅ0 विजय कुमार को निदेशित किया कि स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी गाईडलाईन के अनुरूप कोविड केयर हॉस्पिटल में इम्युनिटी बूस्टर से संबंधित सारी सामग्रियों की पर्याप्त व्यवस्था रखे.
सबसे महत्वपूर्ण वर्तमान में जिले में स्वास्थ्य टीम का गठन कर रैंडम जांच किया जाय, ताकि समय रहते जिले में कोरोना संक्रमण को फैलने से रोका जा सके.
वहीं बैठक के दौरान उपायुक्त ने सभी प्रखण्डों के प्रखंड चिकित्सा पदाधिकारी के माध्यम से कोविड-19 से संबंधित व्यापक प्रचार- प्रसार कर लोगों से अपील किया जाये कि उनके द्वारा कोरोना संक्रमण से संबंधित किसी भी प्रकार के लक्षण दिखे तो उसे छुपाएं नहीं बल्कि उसका समुचित इलाज कराए.
सभी प्रखण्डों के प्रखण्ड चिकित्सा पदाधिकारी को उपायुक्त ने दिये आवश्यक दिशा-निर्देश-
समीक्षा बैठक के क्रम में उपायुक्त नैंसी सहाय ने सभी प्रखण्डों के प्रखण्ड चिकित्सा पदाधिकारी को निर्देशित किया कि उनके क्षेत्र से संबंधित क्वारंटाइन सेंटर में साफ-सफाई के साथ पेयजल की समुचित व्यवस्था, शौचालय के साथ ही सभी मूलभूत व्यवस्थाओं के अलावा पौस्टिक भोजन आदि की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित रखें एवं किसी भी परिस्थिति में क्वारंटाइन सेंटर से लोग बाहर निकलकर इधर-उधर न घूमे.
इसके अलावे अगर किसी भी प्रखंड में कोरोना संक्रमण के मरीज मिलते हैं, तो घबराने की जरूरत नही है बल्कि वे इस बात का संकेत है कि आप अपने क्षेत्र में बेहतर कार्य कर रहे है. हम सभी का सामूहिक प्रयास होना चाहिए के जिलावासियों को जिला स्तर से लेकर प्रखण्ड स्तर तक बेहतर स्वास्थ्य सुविधा मुहैया करायी जा सके.
फाईलेरिया उन्मूलन कार्यक्रम का करें व्यापक प्रचार-प्रसारः उपायुक्त-
बैठक के दौरान उपायुक्त नैंसी सहाय ने जानकारी दी कि दिनांक-10.08.2020 से 20.08.2020 तक व्यापक स्तर पर फाइलेरिया उन्मूलन कार्यक्रम किया जाना है.
ऐसे में शहरी क्षेत्र के साथ-साथ ग्रामीण क्षेत्रों में भी कार्यक्रम का व्यापक प्रचार- प्रसार करें, ताकि ज्यादा से ज्यादा लोग इसका लाभ प्राप्त कर सकें.
इसके अलावे फाइलेरिया उन्मूलन कार्यक्रम का कार्य योजना निर्धारित समय पर पूर्ण करते हुए इस कार्य मे आंगनबाड़ी सेविका एवं सहायिका का भी सहायता ली जाये. समीक्षा के क्रम में उपायुक्त ने मलेरिया चिकित्सा पदाधिकारी को निर्देशित किया कि डेंगू/चिकनगुनिया के रोकथाम हेतु घर-घर जांच शुरू की जाये, ताकि इसके प्रभाव व फैलाव को रोका जा सके.
साथ हीं फैमिली प्लानिंग पखवाड़ा, इटिग्रेटेड डायरिया कंट्रोल प्रोग्राम, एम०डी०ए० कार्यक्रम, ए०एन०सी०, टीकाकरण के अलावे स्वास्थ्य विभाग द्वारा चलाये जा रहे विभिन्न कार्यक्रमों की समीक्षा कर संबंधित अधिकारियों को आवश्यक व उचित दिशा-निर्देश दिया.
बैठक के दौरान सिविल सर्जन डॉ. विजय कुमार, सभी प्रखंड के प्रखंड चिकित्सा पदाधिकारी, मलेरिया पदाधिकारी, जिला कार्यक्रम पदाधिकारी एवं संबंधित विभाग के अधिकारी आदि उपस्थित थे.

