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1968 में चोरी हुई मां भद्रकाली की प्रतिमा की वापसी में पूर्व BDO सम्मानित

by bnnbharat.com
February 20, 2020
in Uncategorized
1968 में चोरी हुई मां भद्रकाली की प्रतिमा की वापसी में पूर्व BDO सम्मानित
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चतरा: चतरा के राजकीय इटखोरी महोत्सव के उद्घाटन से पूर्व जिला प्रशासन ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के हाथों मां भद्रकाली मंदिर परिसर में अवस्थित सहस्त्र शिवलिंग महादेव मंदिर परिसर में रुद्राक्ष का पौधारोपण कराया गया.

मुख्यमंत्री के अलावा श्रम मंत्री, सांसद, विधायक तथा अन्य अतिथियों ने भी मंदिर परिसर में पौधारोपण किया. दरअसल पर्यावरण संरक्षण का संदेश चारों ओर फैलाने के उद्देश्य से इटखोरी महोत्सव में हर वर्ष अतिथियों के हाथों पौधारोपण कराया जाता है. इधर अतिथियों के द्वारा लगाए गए पौधों का मां भद्रकाली मंदिर प्रबंधन समिति उसे पूरी तरह संरक्षण भी करती है. दूसरी ओर अतिथिगण जब कभी माता के दरबार में पूजा-अर्चना के लिए आते हैं तो अपने हाथों लगाए गए पौधों का भी आवश्यक रूप से निरीक्षण करते हैं.

राजकीय इटखोरी महोत्सव के उद्घाटन सत्र के दौरान मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कल शाम पद्मश्री मधु मंसूरी हंसमुख तथा शिक्षाविद व इटखोरी के पूर्व बीडीओ विद्यानंद झा को शॉल ओढ़ाकर व महोत्सव का मोमेंटो प्रदान कर सम्मानित किया.

1968 में चोरी हुई मां भद्रकाली की प्रतिमा की वापसी में इटखोरी के तत्कालीन प्रखंड विकास पदाधिकारी विद्यानंद झा ने उल्लेखनीय भूमिका निभाई थी. इसी प्रकार अपने गीतों से झारखंड की माटी के खुशबू को बिखेरने वाले पद्मश्री मधु मंसूरी हंसमुख को भी मुख्यमंत्री के हाथों सम्मानित किया गया.

उनके इसी योगदान को देखते हुए चतरा जिला प्रशासन में उन्हें मुख्यमंत्री के हाथों सम्मानित करने का निर्णय लिया. इधर सम्मानित होने से पूर्व पद्मश्री मधु मंसूरी हंसमुख द्वारा महोत्सव के मंच से झारखंड की माटी के मान को नागपुरी गीत के माध्यम से लोगों के समक्ष रखा गया.

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