चतरा: नक्सलियों व उग्रवादियों के खिलाफ छापेमारी पर निकले अर्द्ध सैनिक बल के जवानों ने माओवादी इंदल दस्ते के पूर्व सदस्य बेचन गंझू (60) समेत तीन लोगों को शक के आधार पर हिरासत में लिया. घटना चतरा जिले के वशिष्ठ नगर थाना क्षेत्र के केडीमाऊ गांव की है.
पुलिस हिरासत में आने के कुछ देर के बाद ही पूर्व नक्सली बेचन गंझू की मौत हो गई. शव को सदर अस्पताल के एक विशेष कक्ष में रखा गया है.
वहां पर पुलिस के कुछ जवानों की पहरेदारी हो रही है, जहां आम लोगों को जाने नहीं दिया जा रहा है. इस घटना के बाद बेचन गंझू के पुत्र सत्येंद्र गंझू एवं जितेंद्र गंझू ने बताया कि पुलिस के जवानों ने उनके पिता को बेरहमी से पीटकर मार दिया. इधर, झारखंड पुलिस के प्रवक्ता आइजी (ऑपरेशन) साकेत कुमार सिंह ने बताया कि बेचन गंझू इंदल दस्ते का पूर्व में सक्रिय सदस्य था.
चुनाव के मद्देनजर कोबरा बटालियन के जवान सर्च ऑपरेशन पर निकले थे. उन्हें सूचना थी कि वशिष्ठ नगर थाना क्षेत्र के केडीमाऊ में आधा दर्जन से अधिक लैंडमाइंस बिछाई गई है. इसी सूचना पर छापेमारी टीम पहुंची, तो बेचन सहित तीन संदिग्ध पकड़े गए. जब उनकी तलाशी ली गई, तो लैंडमाइंस से संबंधित सामान की बरामदगी हुई. आइईडी, दो खाली सिलिंडर, ड्रिलिंग मशीन, साबल, हथौड़ा आदि सामान मिले हैं.
ये सामान लैंडमाइंस लगाने के लिए थे, जो पूछताछ में भी सामने आए हैं. फिर भी पुलिस हिरासत में मौत के मामले में राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग के गाइडलाइंस का पूरा पालन किया जा रहा है. बेचन गंझू की मौत कैसे हुई, इसका खुलासा पोस्टमार्टम रिपोर्ट से होगा. पूरे मामले को संवेदनशीलता से देखा जा रहा है.
शव का पोस्टमार्टम कराने में जुटी पुलिस
पुलिस हिरासत में मरे बेचन गंझू के शव का पोस्टमार्टम कराने में चतरा पुलिस जुटी हुई है. हंटरगंज के पुलिस निरीक्षक विनय प्रसाद मंडल और सदर थाना प्रभारी पुलिस निरीक्षक प्रमोद पांडेय सदर अस्पताल पहुंच कर शव का पोस्टमार्टम कराने में जुटे थे. एनएचआरसी के गाइडलाइंस का पालन करते हुए वहां दंडाधिकारी के रूप में प्रभारी जिला आपूर्ति पदाधिकारी विपिन दुबे को प्रतिनियुक्त किया गया है. संभावना है कि देर रात तक पोस्टमार्टम की प्रक्रिया को पूरा कर लिया जाएगा.
ऐसे घटी पूरी घटना
दो दिन पूर्व लातेहार व पलामू में नक्सली हमले की घटना को देखते हुए चतरा जिले में कोबरा 203 बटालियन के जवान सर्च अभियान पर निकले थे. जैसे ही वे वशिष्ठ नगर थाना क्षेत्र के केडीमाऊ पहुंचे, गांव से कुछ दूरी पर अलग-अलग स्थानों से पुलिस के जवानों ने कैलाश भुइयां व बुधन गंझू को हिरासत में लिया. कुछ दूरी पर बेचन खड़ा था. पुलिस को देखकर वह दौड़ने लगा. जवानों ने खदेड़ कर उसे पकड़ लिया और इसके बाद उसे हिरासत में लिया. उसके बाद उसके घर की तलाशी ली.
बेचन गंझू के पुत्र सत्येंद्र गंझू एवं जितेंद्र गंझू ने बताया कि घर की तलाशी में प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना से मिलने वाला रसोई गैस का सिलिंडर मिला. इसके बाद जवानों ने उनके पिता की बेरहमी से पिटाई कर दी. तीनों को पुलिस अपनी सुरक्षा में वशिष्ठ नगर थाना ले गई. इधर, पिटाई से जख्मी बेचन की स्थिति गंभीर होने लगी. स्थिति को देखते हुए उसे उपचार के लिए हंटरगंज प्रखंड मुख्यालय स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य ले गए.
वहां पर डॉ. राजदेव प्रसाद ने स्थिति को देखते हुए उसे रेफर कर दिया. पुलिस के अधिकारी उसे लेकर सदर अस्पताल आ रहे थे. इसी बीच, रास्ते में उसकी मौत हो गई. सदर अस्पताल के चिकित्सक डॉ. मनोज भगत ने बताया कि शाम करीब पांच बजे मृत अवस्था में बेचन गंझू को लाया गया था. मृतक के बेटों का आरोप है कि पुलिस की पिटाई से मौत हुई है. घटना के बाद से गांव वालों में आक्रोश है.

