रांची:- अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के निर्देशानुसार नोटबंदी के चार वर्ष पूरे होने पर 8 नवंबर को प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने राज्यभर में विश्वासघात दिवस मनाने का निर्णय लिया है.
पार्टी के प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रवक्ता आलोक कुमार दूबे ने कहा कि 8 नवंबर 2020 नोटबंदी के विनाशकारी निर्णय की चौथी वर्षगांठ पर प्रदेश अध्यक्ष डॉ. रामेश्वर उरांव के नेतृत्व में पार्टी कार्यकर्त्ता पूरे राज्य में विश्वासघात दिवस मनाएंगे.
इस मौके पर प्रदेश अध्यक्ष, सभी मंत्रीगण, विधायक, सांसद, पूर्व सांसद, प्रदेश पदाधिकारी और वरिष्ठ नेताओं-कार्यकर्त्ताओं की ओर सोशल मीडिया प्लेटफार्म पर वीडियो व बयान अपलोड कर नोटबंदी के दुष्परिणाम से आमजन को अवगत कराया जाएगा. प्रदेश प्रवक्ता ने कहा कि इस अव्यवहारिक,अदूरदर्शी और त्रुटिपूर्ण फैसले से भारतीय अर्थव्यवस्था रातोंरात तबाह हो गयी
सैकड़ों लोग लाइन में इंतजार करते हुए मर गए, लाखों छोटे और मझोले कारोबार बंद हो गए, करोड़ों बेरोजगार हो गए और कुल मिलाकर जीडीपी में 2प्रतिशत की गिरावट आई.
उन्होंने कहा कि जब प्रधानमंत्री ने जब नोटबंदी की घोषणा की, तो दावा किया गया, ’ब्लैक मनी’ , आतंकवाद और नक्सलवाद को खत्म हो जाएगा, , कैशलेस इंडियन इकोनॉमी को बढ़ावा मिलेगा, लेकिन कोई फायदा नहीं हुआ। उस वक्त भी कांग्रेस पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह ने डिमोनेटाइजेशन को वास्तव में एक “संगठित लूट और वैध लूट“ की संज्ञा दी थी. पार्टी के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी ने डिमोनेटाइजेशन के खिलाफ जन आंदोलन का नेतृत्व किया और इसके घातक परिणामों पर प्रकाश डाला.
प्रदेश प्रवक्ता ने कहा कि कल एक बार फिर पार्टी नेता-कार्यकर्त्ता नोटबंदी के दुष्प्रभाव को जन-जन तक ले जाएंगे.

