पेशावरः पाकिस्तान में अदालत ने गैंगरेप के मामले में पहली बार ऐतिहासिक फैसला करते हुए 2 दोषियों को सजा-ए-मौत सुनाई है. पाकिस्तान में पिछले साल पाकिस्तानी मूल की फ्रांसीसी महिला से बच्चों के सामने गैंगरेप की घटना ने खलबली मचा दी थी . पाकिस्तान में गैंगरेप के दोषियों को मौत की सजा देने का यह पहला मामला है. दोषियों को मौत की सजा सुनाने के लिए इमरान सरकार को नया कानून बनाना पड़ा था.
लाहौर की एंटी टेरेरिज्म कोर्ट के जज हुसैन भट्ट ने शनिवार को यह ऐतिहासिक फैसला सुनाया. पाकिस्तानी मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक मामले की लाहौर की कैंप जेल में ही सुनवाई हुई. न्यायाधीश ने करीब 25 मिनट की सुनवाई के बाद सजा-ए-मौत का फैसला सुना दिया. दोनों दोषियों को उम्रकैद और 50-50 हजार रुपए के जुर्माने की सजा भी सुनाई गई है. इससे पहले अदालत ने इस मामले में गुरुवार को अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था.
बता दें कि पाकिस्तान में पिछले साल सितंबर में लाहौर के पास हाईवे पर एक महिला से गैंगरेप का मामला सामने पर पूरे देश के अलावा दुनिया में बवाल मच गया था. पाकिस्तानी मूल की फ्रांसीसी नागरिक महिला से बच्चों के सामने गैंगरेप किया गया था. महिला सामाजिक कार्यकर्ता और सामाजिक संगठन दरिंदों को मौत की सजा दिलाने की मांग करते हुए सड़कों पर उतर आए थे. पाकिस्तानी प्रधानमंत्री इमरान खान की कुर्सी खतरे आ गई थी. उसके बाद आरोपियों पर ताबड़तोड़ कार्रवाई की गई. इसी मामले के दोषियों को मौत की सजा सुनाई गई है.

