रांची: राज्य सरकार एक्शन में आ गई है. झारखंड बिजली वितरण निगम लिमिटेड के प्रबंध निदेशक राहुल कुमार पुरवार को शुक्रवार को पद से हटा दिया. उन्हें कार्मिक में योगदान देने का निर्देश दिया गया है. इसी तरह सूचना जनसंपर्क विभाग के निदेशक राम लखन प्रसाद गुप्ता को भी उनके पद से हटाते हुए कार्मिक में योगदान देने का निर्देश दिया गया है.
जानकारी हो कि गुरुवार को ही पूर्व मंत्री सरयू राय ने मुख्य सचिव को पत्र भेजकर कहा था कि बिजली वितरण निगम के प्रबंध निदेशक राहुल पुरवार कमीशन मांगते हैं. जांच में यह साबित हो चुका है. ऐसे में उनपर कार्रवाई होनी चाहिए.
राय ने कहा है कि टाटा प्रोजेक्ट लिमिटिड के एक अधिकारी अविनाश कुमार ने झारखंड सरकार के मुख्य सचिव को एक औपचारिक शिकायत मेल से भेजा था. शिकायत में उन्होंने कहा था कि विद्युत विकास निगम के एक काम करने के एवज में 42 करोड़ रुपए का भुगतान करने की संचिका निगम के प्रबंध निदेशक राहुल पुरवार के पास लंबित है. वे 2.5 प्रतिशत कमीशन चाहते हैं. उनका कहना है कि इस कमीशन में मुख्यमंत्री तक की हिस्सेदारी है.
मुख्य सचिव ने इस शिकायत की जांच के लिए तत्कालीन ऊर्जा सचिव वंदना दादेल को भेज दिया. वंदना दादेल ने जांच की और शिकायत को सही पाया. संबंधित संचिका की गतिविधियों के आधार पर भी शिकायत को सही पायी गयी. मुख्य सचिव ने जांच प्रतिवेदन आवश्यक कार्रवाई के लिए भेज दिया. करीब 6 महीना तक संचिका मुख्यमंत्री के पास पड़ी रही. इसपर कोई कार्रवाई नहीं हुई. विधानसभा चुनाव पूरा हो जाने के बाद तत्कालीन मुख्यमंत्री ने संचिका को इस आदेश के साथ विभाग में भेज दिया कि जांच प्रतिवेदन पर वर्तमान ऊर्जा सचिव का मंतव्य प्रात किया जाए.

