रांचीः बिहार राज्य की तर्ज पर झारखंड में सुविधा देने सहित अपनी विभिन्न मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे होमगार्ड जवानों की नाराजगी बढ़ती जा रही है. झारखंड होमगार्ड वेलफेयर एसोसिएशन के बैनर तले चलाया जा रहे इस आंदोलन में प्रशासनिक हस्तक्षेप पर जवानों ने कड़ी नाराजगी जाहिर की है.
आंदोलनकारियों का कहना है कि प्रशासन बार-बार बल प्रयोग कर उन्हें शांतिपूर्ण आंदोलन करने से रोक रहा है. इससे बतौर नागरिक संविधान में प्राप्त उनके अधिकारों का उल्लंघन हो रहा है. एसोसिएशन की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि अगर उनकी मांगे पूरी नहीं होती है तो जवान आगामी 5 अप्रैल से जेल भरो आंदोलन करेंगे.
प्रशासन को इसके लिए तैयार रहना चाहिए. आंदोलनकारियों की ओर से अपनी मांगों को लेकर निकाले गए मशाल जुलूस में प्रशासन के हस्तक्षेप से जवान बेहद दुखी हैं. संगठन के महासचिव राजीव कुमार तिवारी ने कहा कि होमगार्ड जवान अपनी जायज मांगों को लेकर राजधानी में आंदोलन कर रहे हैं.
इस पर सहानुभूति पूर्वक विचार करने की वजह प्रशासन आंदोलन को दबाने की कोशिश कर रहा है. इसे स्वीकार नहीं किया जा सकता. उन्होंने कहा कि मांगे पूरी करने के लिए आगामी 4 अप्रैल तक का समय दिया गया है. इसके बाद जवान जेल जाने के लिए तैयार हैं.

