रांची: झारखंड की राजधानी रांची समेत राज्य के विभिन्न हिस्सों में बिजली विभाग और केबुल कंपनी केईआई की लापरवाही के खिलाफ प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने आंदोलन को तेज करने का निर्णय लिया है. पार्टी ने कार्रवाई नहीं होने पर केबुल कंपनी के रांची स्थित कार्यालय में अनिश्चितकालीन तालाबंदी की भी बात कही है.
प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रवक्ता आलोक कुमार दूबे, लाल किशोर नाथ शाहदेव और राजेश गुप्ता छोटू ने कहा कि लगभग प्रतिदिन रांची समेत राज्य के विभिन्न शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में करंट लगने से लोगों की मौत हो रही है.
बिजली विभाग और केबुल कंपनी की लापरवाही से निरंतर हो रही दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने, दोषियों के मुकदमा दर्ज करने और पीड़ित परिवार को मुआवजा व नौकरी दिलाने की मांग को लेकर कल झारखंड राज्य विद्युत विभाग के सीएमडी अविनाश कुमार से एक शिष्टमंडल मुलाकात करेगा.
प्रदेश प्रवक्ता आलोक कुमार दूबे ने बताया कि बिजली विभाग की लापरवाही की ओर सरकार का ध्यान आकृष्ट कराने के लिए पूर्व में ही एक शिष्टमंडल ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से मुलाकात कर उन्हें सारे तथ्यों की जानकारी सौंपी दी और एक बार फिर पार्टी नेताओं का शिष्टमंडल उनसे मुलाकात कर उचित कार्रवाई का आग्रह करेगा. उन्होंने कहा कि यदि जल्द ही मामले में कार्रवाई नहीं होती है, तो केईआई कंपनी के रांची स्थित कार्यालय में अनिश्चितकालीन तालाबंदी के कार्यक्रम की घोषणा की जाएगी.
प्रदेश प्रवक्ता लाल किशोर नाथ शाहदेव ने कहा कि जिस तरह से आये दिन करंट लगने से हादसे हो रहे है, उससे सरकार की बदनामी तो ही रही है. वहीं पीड़ित परिवारों की क्या स्थिति हो जाती है, इसका सहज अनुमान लगाया जा सकता है. उन्होंने कहा कि कई ऐसे परिवार है, जिसने करंट लगने अपने भाई-बेटे, पुत्र और अपनों को खोया है.
प्रदेश प्रवक्ता राजेश गुप्ता छोटू ने कहा कि राज्य में बिजली विभाग और केबुल कंपनी की लापरवाही से निरंतर हादसे हो रहे है, लेकिन किसी भी मामले में न तो पीड़ित परिजनों को मुआवजा मिलता है और ही दोषी अभियंताओंव पदाधिकारियों पर कार्रवाई होती है. ऐसे में बिजली विभाग के लापरवाह अभियंताओं का मनोबल बढ़ता ही जा रहा है,ऐसे लोगों पर कार्रवाई जरूरी है.

