दिल्ली: दुनियाभर में प्रतिष्ठित एयरोस्पेस एवं रक्षा प्रदर्शनी एयरो इंडिया-2021 की तैयारियां पूरी हो चुकी हैं. बेंगलुरु में वायुसेना के हवाई अड्डे पर इस एयरशो का शुभारंभ बुधवार से शुरू होकर तीन दिन तक चलेगा.
यह दुनिया का पहला हाइब्रिड (मिश्रित) एयरोस्पेस शो होगा. इसमें भारतीय लड़ाकू विमान एलसीए-तेजस और अमेरिकी सुपरसोनिक बमवर्षक समेत दिग्गज जंगी विमान अपनी ताकत प्रत्यक्ष और वर्चुअल माध्यम से दिखाएंगे.
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह और मुख्यमंत्री बी.एस.येदियुरप्पा ने कर्नाटक के बेंगलुरु में इस एयरो इंडिया शो 2021 में हिस्सा लिया. ये कार्यक्रम आज से 5 फरवरी तक चलेगा.
राजनाथ ने कहा कि भारत को कई मोर्चों से आने वाले खतरों और चुनौतियों का भी सामना करना पड़ता है. राजनाथ सिंह ने पाकिस्तान का नाम लिए बिना इशारों में कहा कि भारत राज्य समर्थित आतंकवाद का शिकार रहा है और अब यह वैश्विक खतरा बन गया है.
राजनाथ ने कहा हमने लंबे समय से अपनी सीमाओं पर यथास्थिति बदलने के लिए बाहर से बल लगाने के दुर्भाग्यपूर्ण प्रयासों को देखा है. भारत हर कीमत पर अपने लोगों और क्षेत्रीय अखंडता की रक्षा करने के लिए किसी भी दुस्साहस का मुकाबला करने और उसे हराने के लिए सतर्क और तैयार है.
उन्होंने कहा मुझे विश्वास है कि तीन दिन का ये कार्यक्रम उत्पादक और पूरा करने वाले साबित होंगे. मुझे यह भी यकीन है कि हमारी साझा दृष्टि नए संबंधों को बनाएंगे और मौजूदा संबंधों और संघों को अगले स्तर तक ले जाएंगे.
राजनाथ ने आगे कहा कि मेरा मानना है कि एयरो इंडिया 2021 निवेश को बढ़ावा देगा, विनिर्माण पारिस्थितिकी तंत्र का विस्तार करेगा, उद्यमों का समर्थन करेगा, प्रौद्योगिकी के स्तर की सराहना और वृद्धि करेगा और देश के लिए आर्थिक विकास को बढ़ावा देगा.
उन्होंने कहा कि मुझे बहुत खुशी है कि HAL को 83 नए स्वदेशी लाइट कॉम्बैट एयरक्राफ्ट (LCA) के विकास के ऑर्डर मिले हैं – भारतीय वायु सेना से तेजस MK1A का मूल्य 48000 करोड़ रुपये से अधिक है. यह अब तक का सबसे बड़ा “मेक इन इंडिया” डिफेंस कॉन्ट्रैक्ट है.
यहां राजनाथ ने अपने भाषण में कहा कि वैश्विक महामारी के कारण उत्पन्न बाधाओं के बावजूद, इस वर्ष के आयोजन में इतनी बड़ी संख्या में प्रतिभागियों को देखकर मुझे प्रसन्नता हुई. एयरो इंडिया 21 भारत की विशाल क्षमता और हमारे देश में डिफेंस और एयरोस्पेस के क्षेत्र में विविध अवसरों को प्रदर्शित करेगा.
हर दो साल में एक बार आयोजित होने वाले इस एयरशो के 13वें संस्करण में ‘आत्मनिर्भर भारत अभियान’ और ‘मेक इन इंडिय’ का प्रभाव देखने को मिलेगा. इसमें 14 देशों का प्रतिनिधिमंडल और वहां की कंपनियां भाग लेंगी. अमेरिकी प्रतिनिधिमंडल और रक्षा उद्योग का प्रतिनिधित्व डॉन हेफ्लिन करेंगे.

