ब्यूरो चीफ,
रांची:- झारखंड मुक्ति मोर्चा ने एक बार फिर भारतीय जनता पार्टी पर वार किया है. पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष हेमंत सोरेन ने कहा है कि महाराष्ट्र के 288 सीटों और हरियाणा के 90 सीटों के लिए एक ही चरण में शांतिपूर्ण चुनाव करा लिये गये. इसके नतीजों की भी घोषणा कर दी गयी. फिर झारखंड में चार औऱ पांच चरणों में क्यों चुनाव होना चाहिए. भाजपा झारखंडियों के बीच जाने से क्यों डर रही है. उन्होंने कहा है कि झारखंड की जनता इस बार के चुनाव में भाजपा औऱ सहयोगी दलों को उनके 16 वर्षों के कुकर्मों का जवाब देगी. इसकी गूंज हरियाणा विधानसभा के नतीजों से भी ज्यादा होगी. हरियाणा में धनबल के आधार पर भाजपा सत्ता दुबारा पाने को ललायित है. उन्होंने कहा कि पार्टी ने एक ही चरण में चुनाव कराने के बाबत चुनाव आयोग की टीम के पास अपना मंतव्य रखा था. झारखंड में तो महाराष्ट्र और हरियाणा की तुलना में कम सीटें हैं. ऐसे में एक ही चरण में चुनाव कराये जाने से पैसे भी कम खर्च होंगे. 
17 अक्तूबर को रांची आयी थी चुनाव आयोग की टीम
चुनावी तैयारियों का जायजा लेने 17 अक्तूबर को उप निर्वाचन आयुक्त सुदीप जैन के नेतृत्व में आयोग की टीम रांची आयी थी. टीम से कांग्रेस, झामुमो, राजद, आजसू, भाजपा और अन्य दलों के नेताओं और पदधारियों ने मुलाकात की थी. भाजपा को छोड़ अन्य सभी दलों ने एक ही चरण में चुनाव कराने की मांग की थी. दलों की तरफ से राज्य के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के समक्ष भी एक ही चरण में चुनाव कराने की मांग की गयी है.

