रांची: आजसू पार्टी के केंद्रीय महासचिव व विधायक डॉ. लंबोदर महतो आज धनबाद, बोकारो एवं गिरिडीह जिले के जो लोग लॉकडाउन की वजह से कर्नाटक, पश्चिम बंगाल, तमिलनाडु, गोवा, उत्तर प्रदेश, गुजरात, केरल, उत्तराखंड, महाराष्ट्र एवं बिहार राज्य में फंसे हुए हैं.
लोगों के बीच राहत एवं खाद्यान्न सामग्री उपलब्ध कराने को लेकर अलग-अलग राज्य के मुख्यमंत्री को पत्र लिखा है.
साथ ही संबंधित राज्य के मुख्य सचिव से फंसे हुए लोगों के बीच राहत व खाद्यान्न सामग्री उपलब्ध कराने को लेकर बातचीत की भी की है.
उन्होंने कर्नाटक के मुख्यमंत्री को बेलगाम में फंसे 8, मजदूर व बेंगलुरु के जेसीआर लेआउट में फंसे 3 मजदूर, पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री को आसनसोल दस क्यारी में 17 मजदूर, तमिलनाडु के मुख्यमंत्री को वेल्लूर सईदापेट नवीन रेसीडेंसी फंसे 3 मरीज, गोवा के मुख्यमंत्री को धातवाड़ा मडगांव में फंसे 14 मजदूर.
उड़ीसा के मुख्यमंत्री को सुंदरगढ़ के कणिका में फंसे 4 व जगत सिंहपुर के विजय चंद्रपुर में फंसे 4, मजदूर, उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री को इटावा मैनपुरी बकतपुर फंसे 26 मजदूर एवं भदोही जिले के घासिया ग्राम में फंसे 60 मजदूर, गुजरात के मुख्यमंत्री को भरुच स्टेशन के समीप गणेश कुंज सोसाइटी में फंसे 15 मजदूर, केरल के मुख्यमंत्री को पल्लकड़ एवं मल्लापुर में फंसे 12 मजदूर.
कर्नाटक के मुख्यमंत्री को जेसीआर लेआउट में फंसे 3 मजदूर व बेलगाम में फंसे 8 मजदूर, उत्तराखंड के मुख्यमंत्री को देहरादून के प्रेम नगर में फंसे 16 मजदूर, महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री को ठाणे के भिवंडी में 23 ट्रक चालक व विरले पार्ले अंधेरी वडाला में फंसे 50 चालक और बिहार के मुख्यमंत्री को नालंद बिहार शरीफ में फंसे चार मजदूर और ध्यान आकृष्ट कराया है.
डॉ.लंबोदर महतो ने यह पत्र विभिन्न राज्यों में फंसे लोगों द्वारा दूरभाष पर उन्हें सूचना देने और अपनी स्थिति बयां करने के बाद राज्यों के मुख्यमंत्री को पत्र लिखा है.
फंसे लोगों में कई ट्रक चालक हैं तो कई मरीज भी हैं. मजदूरों के बीच विशेषकर भोजन की समस्या उत्पन्न हो गई है.
उन्हें किसी प्रकार का सहयोग नहीं मिल रहा है और असुरक्षा के बीच रहने को विवश हैं. डॉ. लंबोदर महतो ने इस संबंध में राज्य के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को भी अवगत कराया है.

