संवाददाता,
रांची: नव निर्मित हजारीबाग मेडिकल कॉलेज के लिए प्रबंधन ने अस्थायी तौर पर बस लेने का फैसला लिया है. इस संबंध में कॉलेज प्रबंधन की तरफ से निदेशक के हस्ताक्षर से निविदा आमंत्रित की गयी है. 6 महीने के लिए स्टूडेंट्स को लाने और ले जाने के लिए 52 सीटर बस के लिए बस मालिकों, ट्रैवेल एजेंसी से आवेदन मंगाये गये हैं. इसमें यह नहीं बताया गया है कि कितनी अवधि तक के लिए बस की सेवा हजारीबाग मेडिकल कॉलेज प्रबंधन लेगा और इसका भी जिक्र नहीं किया गया है कि प्रति दिन के हिसाब से बस मालिकों को कितनी राशि सरकार उपलब्ध करायेगी. निविदा की तय शर्तों का भी उल्लेख सही तरीके से नहीं किया गया है. अति अल्पकालीन निविदा के तहत 26 सितंबर तक आवेदन मांगे गये हैं. इसमें आवेदकों से 50 हजार रुपये का डीडी भी मांगा गया है. आवेदकों को 2016-17 से लेकर 2018-19 तक का तीन वर्ष का आयकर रिटर्न, जीएसटी नंबर भी देना होगा. इसके अलावा बस के ड्राइवर और खलासी की विवरणी भी मांगी गयी है.
निदेशक एसके सिंह का जवाब
बीएनएन संवाददाता ने इस बाबत हजारीबाग मेडिकल कॉलेज के निदेशक डॉ एसके सिंह से बातचीत की. डॉ सिंह ने बताया कि उनके नाम से आमंत्रित निविदा दूसरे जगह से भेजी गयी है. जब उनसे यह पूछा गया कि निविदा में सभी जानकारी क्यों नहीं दी गयी है, उन्होंने कहा कि यह मेरे अधीन में नहीं है, इसलिए मैं अधिक जानकारी नहीं दे सकता हूं. उन्होंने कहा कि निविदा दूसरी बार निकाली गयी है. पहली बार की निविदा में सिर्फ एक ही कंपनी ने आवेदन दिया था.

