Ranchi: इंडिया डीएसओ रांची जिला कमेटी की ओर से वीसी महोदय को ऑफलाइन परीक्षा आयोजित करने के विरोध में ज्ञापन दिया गया.
इस पर जिला सचिव श्यामल माझी ने कहा कि रांची जिला में कोरोना का संक्रमण भयावह स्थिति में है. रांची में प्रत्येक दिन सैकड़ों की संख्या में संक्रमित पाए जा रहे हैं. ऐसी स्थिति में छात्रों के पास अनेक सवाल उठ खड़े हो गए हैं.
1.राजधानी रांची में विभिन्न जिलों और राज्यों से छात्र-छात्राएं पढ़ते हैं. एक जगह से दूसरी जगह आने जाने के लिए यातायात की सुविधाएं बंद है. ऐसी स्थिति में छात्र लोग रांची कैसे आएंगे.सरकार और विश्वविद्यालय की ओर से क्या व्यवस्था है ? बस ,ट्रेन नहीं चलने के कारण उनका परीक्षा दे पाना असंभव है.
2. क्या सभी कॉलेज प्रशासन द्वारा परीक्षा आयोजित करने के लिए उपयुक्त सैनिटाइजेशन,शारीरिक दूरी पालन करने के लिए कर्मचारी एवं गैर शैक्षणिक कर्मचारियों की संख्या उपलब्ध कराई जाएगी ?
3. क्या आर्थिक संकट से जूझ रहे छात्र छात्राओं के लिए विश्वविद्यालय परीक्षा शुल्क माफ करेगी ?
4. जब कोरोना का प्रकोप कम था, तब कॉलेज यूनिवर्सिटी सब बंद थे. परंतु जब सैकड़ों की संख्या में संक्रमण मिल रहा है. तब क्या परीक्षा लेना उचित है?
5. अगर इस बीच परीक्षा आयोजित होती है और छात्रों के बीच कोरोना वायरस मिलती है,तो इसकी जिम्मेदारी किसकी होगी ?
प्रतिनिधिमंडल में जिला सचिव श्यामल माझी,कोषाध्यक्ष जूलियस फुचिक,प्रियतमा डुंगडुंग,पवित्रा मंडल,दिनेश कुमार आदि शामिल थे.


