धनबाद: डोमन महतो जानलेवा हमला केस में भाजपा विधायक ढुल्लू महतो को कोर्ट से राहत मिली है. जिला एवं सत्र न्यायाधीश धनबाद राजीव कुमार सिन्हा की अदालत ने महतो को जमानत पर जेल से मुक्त करने का आदेश दिया है. हालांकि अदालत के इस फैसले के बाद भी विधायक अभी जेल में ही रहेंगे. उन्हें दुष्कर्म मामले में जमानत नहीं मिली है. सोमवार को दुष्कर्म मामले की सुनवाई आगे के लिए टाल दी गई.
अदालत में विधायक ढुल्लू की तरफ से पैरवी करते हुए बचाव पक्ष के अधिवक्ता एसएन मुखर्जी, राधेश्याम गोस्वामी और एनके सविता की दलील सुनने के बाद ढुल्लू को जमानत पर मुक्त करने का आदेश दिया. हालांकि लोक अभियोजक बी.डी पाण्डेय ने जमानत अर्जी का विरोध किया. अदालत ने विरोध को खारिज करते हुए ढुल्लू को जमानत पर मुक्त करने का आदेश दिया. विधायक 11 मई से न्यायिक हिरासत में जेल में बंद हैं. वहीं महिला नेत्री के साथ दुराचार के मामले में सोमवार को विधायक की जमानत अर्जी पर सुनवाई टल गई. कांड के अनुसंधानकर्ता ने कांड दैनिकी समर्पित करने हेतु आवेदन देकर समय की प्रार्थना की. अदालत ने सुनवाई की अगली तारीख निर्धारित कर दी है.
पूर्व में भी डोमन महतो मामले में विधायक ढुल्लू महतो को जिला एवं सत्र न्यायाधीश तृतीय की अदालत से सुलह के आधार पर 7 मार्च 20 को अग्रिम जमानत मिल चुकी थी. महतो को 10 दिनों के अंदर निचली अदालत में सरेंडर करने का आदेश दिया था परंतु उन्होंने अदालत में सरेंडर नहीं किया था.
महतो ने प्राथमिकी में आरोप लगाया है कि 29 अप्रैल 19 को साढ़े छ: बजे वह अपने पिता कन्हाई महतो के साथ मिलकर रामराज मंदिर के समीप अपने रैयती जमीन पर रोजगार के लिए बांस की दुकान बना रहे थे तभी विधायक अपने बॉडीगार्ड के साथ आए. दुकान बनाने से मना किया. इसके बाद शाम 7:00 बजे समर्थकों ने गला दबाकर जान मारने का प्रयास किया. विधायक ने धमकी दी मरवा कर फेंकवा देंगे.

