रांची: भाजपा के वरिष्ठ नेता एवं विधायक विरंची नारायण ने विधायक विनोद सिंह पर तंज कसते हुए कहा कि राज्यसभा चुनाव में कांग्रेस पार्टी के उम्मीदवार को समर्थन की बात करके विधायक विनोद सिंह ने स्व महेंद्र सिंह के विचारों और आदर्शों की हत्या की है.
नारायण ने कहा कि स्व महेंद्र सिंह जीवन पर्यंत कांग्रेस विरोधी विचारों के संवाहक और पोषक रहे. स्व. सिंह सदन के अंदर कई मुद्दों पर बहिष्कार कर देते थे, परन्तु कांग्रेस के साथ खड़े नही होते थे. उनके क्षेत्र की जनता भी विधायक विनोद सिंह में उनकी ही छवि देखती है, परंतु इनका कांग्रेस के साथ खड़ा होना समझ से परे है.
नारायण ने कहा कि स्व. महेंद्र सिंह सदैव बेवाक रहे और सत्ता उन्हें कभी प्रभावित नहीं कर सकी. जन मुद्दों पर सदन से लेकर सड़क तक उनकी संघर्ष की गाथा से झारखंड की जनता परिचित है, परंतु इन्हीं आदर्शों के बल पर जनता का विश्वास जीत कर आये, विनोद पता नहीं क्यों सत्त्ताधारी कांग्रेस के साथ खड़े होने को मजबूर है.
उन्होंने आग्रह पूर्वक कहा कि विनोद सिंह को अपने स्व. पिता के विचारों और आदर्शों का अपने अंतर्मन से स्मरण करते हुए कांग्रेस पार्टी के उम्मीदवार को राज्य सभा चुनाव में वोट करने के निर्णय पर पुनर्विचार करना चाहिये.

