जगदम्बा प्रसाद शुक्ल,
प्रयागराज: प्रयागराज जिले में घूरपुर थाने की करमा चौकी के कटरा उभारी गांव में गुरुवार की देर रात ससुराल आये व्यक्ति की पड़ोसियों ने लाठी, डंडे व लोहे के राड से पीटकर हत्या कर दिया. उभारी गांव के कटरा मजरे में रहने वाले मकसूद व उसके पड़ोसी नौशाद के घरों पर पिछले कुछ दिनों से रात में कोई ईंट पत्थर के टुकड़े फेंकता था. एक दूसरे पर ईंट पत्थर फेंकने का आरोप लगाकर दोनो अक्सर वाद विवाद करते थे लेकिन कहासुनी करके शांत हो जाते थे. मामला पुलिस तक नही गया था.
गुरुवार की रात 11 बजे ईंट पत्थर गिरने को लेकर विवाद हुआ तो दोनों पक्ष आमने सामने आ गए. मकसूद अपने बेटों साहिबे आलम, नूर आलम व बेटू के साथ लाठी डंडे व लोहे की सरिया लेकर दूसरे पक्ष पर हमला कर दिया. गुरुवार को अपने भांजे अरबाज के साथ सिकंदरा बहरिया से ससुराल घूमने आए नौशाद का दामाद रज्जाक उर्फ रोजई भी ससुराल पक्ष की मदद में बाहर आ गया. इस बीच मकसूद व उसके बेटों ने मिलकर रज्जाक को पीट पीटकर मार डाला तथा उसके भांजे को घायल कर दिया.
सूचना मिलते ही चौकी इंचार्ज अखिलेश कुमार सिंह, उपनिरीक्षक बालकृष्ण व पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे. रज्जाक को एक निजी चिकित्सालय में ले जाया गया लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया. पुलिस ने घर से भागे आरोपियों में मकसूद और साहिबे आलम को रात में ही गिरफ्तार कर लिया. शुक्रवार को आवश्यक कार्रवाई के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया. आपसी तनाव देखते हुए गांव में पुलिस तैनात कर दिया गया है.
दस दिन पहले ही कुवैत से आया था रज्जाक
सिकंदरा निवासी नौशाद का दामाद कुवैत में रहकर नौकरी करता था. दस दिन पहले ही वह अपने गांव आया था. दुबारा नौकरी पर जाने से पहले वह गुरुवार को अपने भांजे के साथ ससुराल के लोगों का हाल जानने कटरा आया था. लेकिन उसे क्या पता था कि यह उसकी अंतिम यात्रा होगी.
बेसहारा हो गया रज्जाक का परिवार
रज्जाक की मौत के बाद उसका परिवार बेसहारा हो गया. वही नौकरी करके अपने परिवार का पालन पोषण करता था. उसके परिवार में पत्नी रेशमा के आलावा तीन बच्चे उमैर, असद व शाद हैं जिनकी उम्र क्रमशः छह, चार व दो वर्ष है.

