गुमला: नीति आयोग द्वारा गुमला जिला को आकांक्षी जिला के रूप में चयनित किया गया है. आकांक्षी जिला में शिक्षा, स्वास्थ्य, महिला कल्याण, कृषि प्रक्षेत्र में विकास के लिए कई योजनाएं संचालित की जा रही हैं.
इसी के तहत गुमला जिले में शैक्षणिक विकास के लिए 50 विद्यालयों में सामुदायिक पुस्तकालय तथा 25 विद्यालयों में आधुनिक सुविधाओं से युक्त प्रयोगशाला स्थापित करने का निर्णय लिया गया है.
आज उपायुक्त गुमला शशि रंजन के द्वारा उत्क्रमित उच्च विद्यालय ढिढौली गुमला में सामुदायिक पुस्तकालय का उद्घाटन किया गया. विद्यालय परिसर में समारोह को संबोधित करते हुए उपायुक्त ने कहा कि पुस्तकालय ज्ञान वृद्धि का केंद्र है.
बच्चों के शैक्षणिक विकास में पुस्तकालय की महत्वपूर्ण भूमिका होती है. आज इस विद्यालय प्रांगण में आकांक्षी जिला के शिक्षा प्रक्षेत्र के अंतर्गत पहला सामुदायिक पुस्तकालय का शुभारंभ किया जा रहा है.
इस पुस्तकालय में 705 ज्ञानवर्धक पुस्तकें उपलब्ध कराई गई हैं. ये पुस्तकें पाठ्यक्रम से अलग हटकर हैं. इन पुस्तकों में विविध क्षेत्रों में मार्गदर्शन करने वाले महापुरूष, भारत के दर्शनीय स्थल, विभिन्न राज्यों की संस्कृति, आधुनिक वैज्ञानिक अनुसंधान, सूचना प्रवैधिकि से संबंधित पुस्तकें रखी गई हैं.
पुस्तकालय का संचालन विद्यालय में गठित पुस्तकालय प्रबंधन समिति के माध्यम से किया जाएगा. पुस्तकालय का उद्देश्य इस विद्यालय में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं सहित आस-पास के ग्रामीणों का ज्ञानवर्धन करना है. पुस्तकालय में ज्ञानवर्धन के लिए स्मार्ट टीवी एवं कंप्यूटर भी उपलब्ध कराया गया है.
उपायुक्त ने समारोह को संबोधित करते हुए कहा कि जिले में 50 पुस्तकालयों के निर्माण की स्वीकृति दी गई है. पुस्तकालय निर्माण के लिए 03 एजेंसियों का चयन किया गया है. प्रति पुस्तकालय के संचालन के लिए 02 लाख रूपये की राशि निर्धारित की गई है. जल्द ही जिले में वैज्ञानिक शिक्षा के लिए विद्यालयों में 25 आधुनिक प्रयोगशाला भी स्थापित किया जाएगा. इसके लिए विद्यालयों का चयन कर लिया गया है. कार्यक्रम के पूर्व उपायुक्त ने विद्यालय परिसर में स्थापित शहीद तेलंगा खड़िया की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर श्रद्धा सुमन अर्पित किया.
समारोह में निदेशक डीआरडीए सह जिला योजना पदाधिकारी हैदर अली, जिला शिक्षा पदाधिकारी सह जिला शिक्षा अधीक्षक सुरेंद्र पाण्डेय, ए0डी0एफ0 शीर्षक मोहन्ती, उत्क्रमित उच्च विद्यालय ढिढौली के प्रधानाध्यापक अब्दुल रजाक, ढिढौली की मुखिया सुशीला सोरेन, विद्यालय प्रबंध समिति के अध्यक्ष राम लक्षमन पुरी सहित स्थानीय नागरिक एवं विद्यालय के छात्र-छात्राएं उपस्थित थे.

