रांची:- झारखंड प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रवक्ता आलोक कुमार दूबे ने बिहार विधानसभा परिसर में कल हुई घटना को संसदीय लोकतांत्रिक व्यवस्था का काला अध्याय बताते हुए कहा कि यदि प्रधानमंत्री में जरा भी राजनीतिक सूचिता बची है, तो तत्काल नीतीश कुमार सरकार को बर्खास्त करें. उन्होंने कहा कि देश में 73वर्ष में पहली बार संसदीय मर्यादाएं छिन्न-भिन्न हुई है.
प्रदेश कांग्रेस प्रवक्ता आलोक कुमार दूबे ने कहा कि जनता द्वारा चुने गये जनप्रतिनिधियों के साथ किसी राज्य के सर्वाेच्च सदन में पुलिस द्वारा दुव्र्यवहार किया जाना, अंग्रेजी शासन को याद दिलाते है. इस घटना से भारतीय लोकतंत्र शर्मसार हुआ है,सरकार की देखरेख और माॅनिटरिंग में विपक्षी विधायकों को पिटाया गया है, इससे दुःखद पहलू विधायिका के लिए कुछ और नहीं हो सकता है.
प्रदेश कांग्रेस कमेटी के प्रवक्ता ने कहा कि बिहार में संवैधानिक मर्यादाओं का चीर हनन हुआ है. बिहार विधानसभा मंे जदयू और भाजपा की पुलिस ने आरजेडी-कांग्रेस विधायकों से मारपीट कर गुंडागर्दी की सब हदें पार कर दी. अब भी आवाज नहीं उठायी गयी, तो न प्रजातंत्र बचेगा, न संविधान और न ही देश.
आलोक कुमार दूबे ने कहा कि बिहार में जिस पार्टी को भाजपा ने चुन-चुन कर कमजोर कर दिया, वो भाजपाई इशारों पर जन प्रतिनिधियों के साथ निर्मम व्यवहार कर रही है. महिला विधायकों का अपमान किया गया है, स्पष्ट है कि भाजपा और उनके सहयोगी दल लोकतंत्र का आदर नहीं करते. यह घटना भाजपा-जदयू सरकार के डर और कायरयतापन की निशानी है.

