धनबाद: सार्वजनिक स्थानों पर धूम्रपान करना निषेध है और उसे अपराध माना जाएगा. इसका उल्लंघन करने वाले से 200 तक का जुर्माना भी वसूला जाएगा. सार्वजनिक स्थानों पर धूम्रपान रहित क्षेत्र, यहां धूम्रपान करना एक अपराध है का बोर्ड लगाना अनिवार्य होगा.
इस संबंध में उपायुक्त उमा शंकर सिंह ने कहा कि बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन, पुलिस स्टेशन, शॉपिंग मॉल, कोर्ट परिसर, समाहरणालय, सभी सरकारी एवं गैर सरकारी कार्यालय सहित सभी सार्वजनिक स्थलों पर धूम्रपान करना निषेध है. धुम्रपान से मानव स्वास्थ्य पर विपरीत प्रभाव पड़ता है और व्यक्ति गंभीर बीमारियों से ग्रसित हो जाता. लेकिन अभी भी आम जनता जानकारी और कानून के प्रभावी क्रियान्वयन के अभाव में सार्वजनिक स्थानों पर धूम्रपान करते हैं.
उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा संचालित तंबाकू नियंत्रण कार्यक्रम के अंतर्गत सिगरेट एवं अन्य तंबाकू उत्पाद अधिनियम कोटपा 2003 के धारा 4 के अनुसार सार्वजनिक स्थानों पर कोई व्यक्ति धूम्रपान करते पाया जाता है तो उनसे 200 तक का जुर्माना वसूला जाएगा.
निर्देश के अनुसार सभी टी स्टॉल, मिष्ठान भंडार, सिनेमा हॉल, होटल, रेस्टोरेंट, शॉपिंग मॉल, पुलिस स्टेशन, बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन, पंचायत भवन, सरकारी एवं गैर सरकारी स्वास्थ्य केंद्र-कार्यालय, शैक्षणिक संस्थानों तथा सार्वजनिक स्थानों पर धूम्रपान रहित क्षेत्र, यहां धूम्रपान करना एक अपराध है का बोर्ड लगाना होगा.

