रांचीः खाद्य आपूर्ति मंत्री सरयू राय ने ख़रीफ मौसम में धान के न्युनतम ख़रीद मूल्य पर किसानों को 185 (एक सौ पचासी) रुपये प्रति क्विंटल का बोनस देने का प्रस्ताव राज्य सरकार की योजना प्राधिकृत समिति के पास स्वीकृति के लिये भेजा है. प्राधिकृत समिति की स्वीकृति के बाद इसका संकल्प मंत्रिपरिषद की स्वीकृति के लिये जायेगा. मंत्रिपरिषद की स्वीकृति के लिये संकल्प के विभागीय प्रस्ताव पर भी मंत्री सरयू राय ने सहमति दे दी है. पिछले साल किसानों को प्रति क्विंटल 150 रूपया बोनस दिया गया था.
सामान्य श्रेणी के लिए न्यूनतम समर्थन मूल्य 1815 रुपए
इस वर्ष केंद्र सरकार ने सरकारी केन्द्रों पर ख़रीद के लिये सामान्य श्रेणी के धान का न्यूनतम समर्थन मूल्य 1815 रू० प्रति क्विंटल निर्धारित किया है. राज्य सरकार द्वारा प्रति क्विंटल 185 रूपये बोनस देने के बाद सरकारी ख़रीद केन्द्र पर धान बेचने वाले किसानों को प्रति क्विंटल धान की क़ीमत 2000 रू मिलेगी.
धान की खरीद 1 दिसंबर से 31 मार्च 2020 तक
धान की ख़रीद राज्य सरकार आगामी 1 दिसंबर 2019 से 31 मार्च 2020 तक करेगी. इस वर्ष नवंबर – दिसंबर में विधान सभा चुनाव होने तथा अक्टूबर माह के उतरार्द्ध में आचार संहिता लग जाने के कारण को ध्यान में रखते हुये मंत्री सरयू राय ने विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिया है कि वे इसके पहले धान ख़रीद की व्यवस्था कर लें तथा कैबिनेट से किसानों के दिये जाने वाले बोनस का निर्धारण करा लें.
मंत्री ने अधिकारियों को दिया निर्देश
बीते वर्ष धान ख़रीद पर बोनस देने का मामला विवाद में फंस गया था, जिस कारण बोनस निर्धारण में डेढ़ माह से अधिक का समय लग गया, जिसके कारण शुरूआती दौर में सरकारी केन्द्रों पर धान बेचने वाले किसानों को तत्काल बोनस का लाभ नहीं मिल पाया. इस बार ऐसा नहीं हो और धान ख़रीद की औपचारिकतायें समय से पहले पूरी हो जायें इसके लिये विभागीय मंत्री सरयू राय ने अधिकारियों को निर्देश दिया है कि विशेष पहल कर धान ख़रीद मूल्य पर बोनस की स्वीकृति अविलम्ब करा लें और चुनाव घोषित हो जाने के बावजूद ख़रीद की प्रक्रिया सरकारी धान व खरीद केन्द्रों पर बाधित नहीं हो.

