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प्रेस काउंसिल ने राज्य सरकारों को चेताया, बदसलूकी करने वाले पुलिस कर्मियों के खिलाफ दर्ज होगी FIR

by bnnbharat.com
March 27, 2020
in Uncategorized
प्रेस काउंसिल ने राज्य सरकारों को चेताया, बदसलूकी करने वाले पुलिस कर्मियों के खिलाफ दर्ज होगी FIR

प्रेस काउंसिल ने राज्य सरकारों को चेताया, बदसलूकी करने वाले पुलिस कर्मियों के खिलाफ दर्ज होगी FIR

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नई दिल्ली: पत्रकार नही है भीड़ का हिस्सा. पत्रकारों के साथ बढ़ती ज्यादती और पुलिस के अनुचित व्यवहार के चलते कई बार पत्रकार आजादी के साथ अपना काम नही कर पाते है. उसी को ध्यान में रखते हुए भारतीय प्रेस काउंसिल के अध्यक्ष चंद्रमौली कुमार प्रसाद ने राज्य सरकारों को चेतावनी देते हुए निर्देश भी दिया है कि पुलिस आदि पत्रकारों के साथ बदसलूकी ना करे.

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पत्रकार भीड़ का हिस्सा नहीं है

किसी स्थान पर हिंसा या बवाल होने की स्थिति में पत्रकारों को उनके काम करने में पुलिस व्यवधान नहीं पहुंचा सकती. पुलिस जैसे भीड़ को हटाती है वैसा व्यवहार पत्रकारों के साथ नहीं कर सकती.
ऐसा होने की स्थिति में बदसलूकी करने वाले पुलिसवालों या अधिकारियों के विरुद्ध आपराधिक मामला दर्ज किया जायेगा.

काटजू ने कहा कि जिस तरह कोर्ट में एक अधिवक्ता अपने मुवक्किल का हत्या का केस लड़ता है पर वह हत्यारा नहीं हो जाता है, उसी प्रकार किसी सावर्जनिक स्थान पर पत्रकार अपना काम करते है पर वे भीड़ का हिस्सा नहीं होते. इस लिए पत्रकारों को उनके काम से रोकना मिडिया की स्वतंत्रता का हनन करना है.

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सभी राज्यों को दिए निर्देश

प्रेस काउन्सिल ने देश के केबिनेट सचिव, गृह सचिव, सभी राज्यों के मुख्यमंत्री, मुख्य सचिवों व गृह सचिवों को इस सम्बन्ध में निर्देश भेजा है और उसमे स्पष्ट कहा है कि पत्रकारों के साथ पुलिस या अर्द्ध सैनिक बलों की हिंसा बर्दाश्त नहीं की जायेगी. सरकारे ये सुनिश्चित करे की पत्रकारों के साथ ऐसी कोई कार्रवाई कहीं न हो.

पुलिस की पत्रकारों के साथ की गयी हिंसा मिडिया की स्वतन्त्रता के अधिकार का हनन माना जायेगा. जो उसे संविधान की धारा 19 (1) (A) में दी गयी है और इस संविधान की धारा के तहत बदसलूकी करने वाले पुलिसकर्मी या अधिकारी पर आपराधिक मामला दर्ज होगा.

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