नई दिल्लीः पहले से ही जनमत सर्वेक्षणों में कम समर्थन की समस्या से जूझ रहे जापान के प्रधानमंत्री योशिहिडे सुगा की छवि पर अब एक और दाग लग गया है. सुगा की सरकार को अपने दो अफसरों को उनके पद से हटाना पड़ा है. दोनों अफसरों पर आरोप लगे हैं कि उन्होंने सरकारी नियमों का उल्लंघन करते हुए सुगा के बेटे के लिए महंगी डिनर पार्टियों का आयोजन किया. हालांकि शुक्रवार को अफसरों को हटाने का एलान करते वक्त सुगा सरकार के संचार मंत्री रयोता ताकेदा ने कहा कि उन्हें सुगा के बेटे के लिए दी गई पार्टियों से जुड़े विवाद के कारण नहीं हटाया गया है. उन्होंने कहा कि ऐसा सही व्यक्तियों को सही पद पर बैठाने की सरकार की कोशिश के तहत किया गया है. लेकिन ये कदम सुगा के बेटे को लेकर उठे विवाद पर संसद में चर्चा से ठीक पहले उठाया गया. जापानी मीडिया में ये बात साफ कही गई है कि इसका संबंध इसी विवाद से है. यहां के अखबार ‘जापान टाइम्स’ में छपी एक रिपोर्ट में कहा गया है कि सत्ताधारी लिबरल डेमोक्रेटिक पार्टी संसद के मौजूदा सत्र में बजट और कई अहम बिल पारित कराने की कोशिश में है. उसे आशंका है कि सुगा के बेटे से जुड़े विवाद के कारण तय संसदीय कार्यों में देर होगी. इसलिए मामले को शांत करने की कोशिश में उसने दो अफसरों को उनके पद से हटाया. खबरों के मुताबिक प्रधानमंत्री के सबसे बड़े बेटे सीगो सुगा के लिए ना सिर्फ उन अफसरों, बल्कि गृह और संचार मंत्रालयों से जुड़े दो उप मंत्रियों ने भी पार्टी दी थी. इसलिए ये विवाद सिर्फ अफसरों को हटाने से शांत होने की आशा नहीं है. ताकेदा ने शुक्रवार को कहा- लोगों में पैदा हुए अविश्वास के लिए मैं दिल से माफी मांगता हूं. ताकेदा ने कहा कि अफसरों को उनके व्यवहार के लिए औपचारिक रूप से फटकार लगाने पर भी विचार किया जा रहा है. जापान के राष्ट्रीय सार्वजनिक सेवा नीति कानून के तहत अफसरों पर उन लोगों के साथ खाने-पीने पर रोक है, जिनके हित संबंधित मंत्रालय से जुड़े हों. सीगो सुगा सैटेलाइट ब्रॉडकास्टिंग सेवा देने वाली एक कंपनी के लिए काम करते हैं. इन सेवाओं के लिए लाइसेंस संचार मंत्रालय ही जारी करता है. इसलिए उनके लिए संचार उप मंत्री और इस विभाग में नियुक्त अफसरों का पार्टी देना इस कानून के अनुरूप नहीं है. ये मामला साप्ताहिक पत्रिका शुकान बुनशुन में छपी एक रिपोर्ट के बाद उठा. रिपोर्ट के साथ एक ऑडियो लिंक भी दिया गया. सीगो सुगा ने मान लिया है कि उस ऑडियो में उनकी भी आवाज है. पत्रिका ने अपनी रिपोर्ट में कहा कि इस ऑडियो में सीगो सुगा और दोनों अफसरों की बातचीत रिकॉर्ड है. इसमें सुगा सैटेलाइट ब्रॉडकास्टिंग का जिक्र करते हुए भी सुने जा सकते हैं. इसके बाद हटाए गए अफसर ने मीडिया से कहा कि शायद उन्होंने इस बारे में सुगा से बात की थी. जबकि पहले उन्होंने इस मामले में उनसे इस सवाल पर बातचीत होने का खंडन किया था. मुख्य विपक्षी दल कॉन्स्टिट्यूशनल डेमोक्रेटिक पार्टी (सीपीडी) ने आरोप लगाया है कि सरकार इस मामले में तथ्य छिपा रही है. उसने मामले की पूरी जांच की मांग की है. जापान की कम्युनिस्ट पार्टी ने कहा है कि इस घोटाले से ये शक गहरा गया है कि सुगा सरकार में नीति बनाने की प्रक्रिया सही नहीं है. ‘जापान टाइम्स’ के मुताबिक संचार मंत्रालय की एक जांच से सामने आया है कि सीगो सुगा के साथ कुल 12 मौकों पर चार बड़े अफसरों ने पार्टी की. इस दौरान सुगा को महंगे उपहार दिए गए. इनमें से कुछ अफसरों से सीगो सुगा का परिचय तब हुआ, जब वे अपने पिता के सचिव के रूप में कार्यरत थे. प्रधानमंत्री बनने से पहले योशिहिडे सुगा 2006 और 2007 में गृह और संचार मंत्री रहे थे. प्रधानमंत्री ने कहा है कि उन्हें उनके बेटे और अफसरों के बीच हुई डिनर पार्टियों की कोई जानकारी नहीं है. उधर मुख्य विपक्षी दल सीपीडी ने मांग की है कि सीगो को पूछताछ के लिए संसद के सामने बुलाया जाना चाहिए. ये पहला मौका नहीं है, जब सुगा सरकार पर भ्रष्टाचार के आरोप लगे हैं. पिछले आरोपों के कारण ही सरकार खराब छवि की समस्या से जूझ रही है. नए खुलासे से उसकी मुश्किलें और बढ़ती दिख रही हैं.

